वनकर्मियों का कहना है कि शावक को छूने से बाघिन अपने शावक का त्याग कर सकती है, इसलिए ग्रामीणों को भी खेत से दूर रहने के लिए कहा गया है। ग्रामीणों के मुताबिक, बाघिन पास ही गन्ने के खेतों में मौजूद है। शावक के बिछड़ जाने से वह लगातार गुर्रा रही है। आशंका है कि वह किसी समय हमलावर हो सकती है।
काफी देर तक इधर-उधर भागता रहा शावक
गन्ने के खेत में बाघिन से बिछड़ा शावक सुरक्षित ठिकाने की तलाश में काफी देर तक आसपास के खेतों में इधर-उधर भटकता रहा। जिन खेतों में शावक भाग रहा था उसमें खड़ी गन्ना फसल की किसान छिलाई कर चुके थे। खेतों में सूखी पत्तियां जमा थीं। शावक को खेत में भागते देख मौके पर जमा ग्रामीणों की भीड़ शोर मचाते हुए उसकी वीडियो बनाते रहे।
दक्षिण खीरी वन प्रभाग के डीएफओ संजय संजय बिश्वाल ने बताया कि गोला रेंज में बरौंछा नाले के निकट एक खेत की मेड़ पर गन्ने की सूखी पत्तियों के ढेर में शावक के छिपे होने की सूचना मिली है। वन विभाग लगातार शावक की निगरानी करा रहा है। ग्रामीणों को शावक से दूरी बनाकर रहने को कहा गया है।