व्यायाम से स्वस्थ होता है हृदय
बरेली के कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. पुनीत सोंधी के मुताबिक नियमित कसरत से हृदय रोग का जोखिम कम होता है। इससे दिल की मांसपेशियों को मजबूत होती हैं। वजन नियंत्रित होता है, उच्च कोलेस्ट्रॉल, उच्च रक्त शर्करा और उच्च रक्तचाप से धमनी को क्षति पहुंचाने वाले कारक कम होते हैं। मानसिक स्वास्थ्य में सुधार होता है। शरीर को भरपूर ऑक्सीजन मिलती है। मांसपेशी, फेफड़े, हड्डी की बीमारी कम होती है।
धूम्रपान और तंबाकू से दूरी बेहद जरूरी
कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. आशीष अग्रवाल के मुताबिक नशे का अत्यधिक सेवन भी हृदय रोग की अहम वजह है। तंबाकू उत्पाद के सेवन से एरोथेमा के क्रमिक निर्माण से धमनियां संकुचित हो जाती हैं। धमनियों की दीवार में वसा जमने से संकरी हो जाती हैं। हृदय को पर्याप्त ऑक्सीजन युक्त रक्त की आपूर्ति बाधित हो जाती है। यह एनजाइना की वजह बनता है। सीने में बेचैनी, दर्द होता है। अनदेखी भारी पड़ सकती है।
बचाव के उपाय
- 40 साल की आयु के बाद कराएं हृदय की जांच।
- फास्ट फूड, मिलावटी भोजन और नशे से दूर रहें।
- प्रतिदिन एक घंटे पैदल चलें, वजन नियंत्रित करें।
- नमक, चीनी, फैट बढ़ाने वाले उत्पाद से दूर रहें।
- मानसिक तनाव से बचें, दिनचर्या व्यवस्थित करें।
- सीने में दर्द अनदेखा न करें, तत्काल जांच कराएं।