आलीशान मकान के साथ परिवार में हैं तीन सरकारी नौकर
क्योलड़िया। पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर गरीबों के कल्याण के लिए लगाए गए मेले में अमीरों का भी कल्याण हो गया। भदपुरा ब्लॉक के मेले में ऐसे शख्स को ट्राईसिकल दे दी गई जो पूर्व प्रधान होने के साथ 156 बीघा जमीन और तमाम और संपत्ति का मालिक है। दोनों बेटे और एक बहू सरकारी अध्यापक हैं।
भदपुरा ब्लॉक के गरीब कल्याण मेले में नवादा इमामाबाद के पूर्व प्रधान फतेहचंद को ट्राईसिकल दी गई। फतेहचंद के दो बेटे वेदपाल और सोमपाल सरकारी शिक्षक हैं। सोमपाल की पत्नी भी सरकारी शिक्षक है। ग्रामीणों के मुताबिक फतेहचंद के पास 156 बीघा भूमि होने के साथ दो कारें और ट्रैक्टर है। गांव में आलीशान मकान बना है।
बाइक है तो ट्राईसिकल की क्या जरूरत
ग्रामीणों के मुताबिक 15 साल पहले फतेहचंद का एक्सीडेंट हो गया था जिसमें घायल होने की वजह से उनके एक पैर में मामूली दिक्कत है। हालांकि वह आराम से बाइक चलाते हैं। पैदल चलने में भी कोई दिक्कत नहीं है।
अब एक-दूसरे पर टाल रहे बला
मामला खुलने के बाद अफसरों में हड़कंप मचा है। तहसील के अधिकारी जिले और जिले के तहसील वालों पर ठीकरा फोड़ने में जुटे हैं। तहसील के अधिकारियों का कहना है कि जिला स्तर पर दिव्यांगों का सर्वे किया गया था। उसी सूची के आधार पर दिव्यांगों को उपकरण दिए गए है।
जिले से तैयार सूची के अनुसार उपकरणों का वितरण किया जाना था। अगर ब्लॉक स्तर पर कोई गड़बड़ी हुई है तो उसकी जांच कराई जाएगी और रिपोर्ट के तहत आगे की कार्रवाई होगी। - उमेश पांडेय, क्षेत्रीय विकलांग कल्याण अधिकारी
जिला स्तर से दिव्यांगों का सर्वे हुआ था। सर्वे के अनुसार ही ट्राईसिकल दी गई। यदि किसी अपात्र को लाभ दिया गया है तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। - चंद्रमोहन कन्नौजिया, बीडीओ भदपुरा ब्लॉक