विवैक्स मरीजों की घटेगी तादाद, चपेट में लेगा फेल्सीपेरम
मलेरिया के बढ़ते जा रहे मरीजों की तादाद फिलहाल कम होने की उम्मीद नहीं है। तापमान के उतार-चढ़ाव पर आधारित मौसम विभाग के हेल्थ बुलेटिन में अगले सप्ताह से मलेरिया के घातक पैरासाइट प्लाज्मोडियम फेल्सीपेरम (पीएफ) का प्रकोप बढ़ने की संभावना जताई गई है। हालांकि, वर्तमान में चपेट में ले रहे विवैक्स मलेरिया की मार कम होने की उम्मीद भी है।
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के हेल्थ बुलेटिन के अनुसार तापमान की परिस्थितियों को देखते हुए सितंबर के दूसरे सप्ताह में संचारी रोगों के चपेट में आने की संभावना करीब 75 फीसदी और कई तरह के संचारी रोगों में से करीब 75 फीसदी मलेरिया का प्रकोप हावी होने का अनुमान है।
तापमान अधिकतम 28 से 34 डिग्री और न्यूनतम 19 से 22 डिग्री के बीच दर्ज होगा। जो मलेरिया के पैरासाइट्स के अनुकूल है। हालांकि, इस दौरान डेंगू के चपेट में आने की संभावना कम है। जिला मलेरिया अधिकारी सत्येंद्र कुमार के मुताबिक वायरस, बैक्टीरिया या पैरासाइट्स सभी एक निर्धारित तापमान पर सक्रिय और निष्क्रिय होते हैं।