आरोप है कि कार्यक्रम प्रभारी अधिकारी बीडीए के उपाध्यक्ष और कानून व्यवस्था के लिए नामित नोडल अधिकारी अपर जिलाधिकारी के बार-बार कहने पर भी बातों को अनसुना किया गया। हेलीपैड के निर्माण और सुरक्षा संबंधी बैरिकेडिंग का काम 23 अप्रैल की शाम तक पूरा नहीं हो सका।
इस प्रकरण में पत्राचार का सिलसिला चल रहा है। पीडब्ल्यूडी के अधीक्षण अभियंता अभिनेश कुमार को जांच अधिकारी नियुक्त किया जा चुका है। इसमें शासन के अनु सचिव शिव कुमार ने प्रमुख अभियंता और विभागाध्यक्ष पीडब्ल्यूडी को पत्र लिखकर कहा है कि मामले में जांच कराकर सुस्पष्ट आख्या संस्तुति सहित शासन को एक पक्ष में उपलब्ध कराएं।
अधिकारियों ने मौके पर रहकर बनवाया हेलीपैड, तब हुई ट्रायल लैंडिंग
जिलाधिकारी की ओर से शासन को भेजे गए शिकायती पत्र में यह भी बताया गया तय समय में काम पूरा न होने पर पीडब्ल्यूडी के सहायक अभियंताओं और अवर अभियंताओं ने जनसभा कार्यक्रम के लिए बनाए जा रहे हेलीपैड और बेरिकेडिंग का काम मौके पर मौजूद रहकर कराया। 23 अप्रैल को शाम चार से पांच बजे के बीच हेलीपैड पर ट्रायल लैंडिंग हुई।