दुकानदारों ने सजाई दुकानें
मेले में आसपास के गांव से लेकर बदायूं, मुरादाबाद, बिजनौर और पीलीभीत तक के दुकानदार पहुंचे हैं। सड़क किनारे सिलबट्टे बना रहीं संतोषी ने बताया कि यह उनका पुश्तैनी काम है। इसका पत्थर राजस्थान से मंगाया जाता है। तैयार होने के बाद इन्हें 200 से 500 रुपये तक में बेचा जाता है। मेला प्रबंध कमेटी के जयवीर सिंह ने बताया कि मेले में जनता की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए साफ-सफाई कराई जा रही है। बेहतर सुविधा प्रदान करने का हर संभव प्रयास किया जा रहा है।
27 नवंबर को है मुख्य स्नान
चौबारी मेले में बुधवार देर रात तक लाइटें लगाने और दुकानें सजाने का काम चलता रहा। बृहस्पतिवार को दोपहर तीन बजे डीएम रविंद्र कुमार व अन्य अधिकारियों ने चौबारी मेले का शुभारंभ किया। इस बार दो ड्रोन व 25 सीसीटीवी कैमरों से मेले पर नजर रखी जाएगी। इस बार कार्तिक पूर्णिमा का मुख्य स्नान 27 नवंबर को होगा। इसमें लाखों की संख्या में लोग पहुंचते हैं।