बरेली। जिले में उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने और कालाबाजारी रोकने के लिए कृषि विभाग ने सख्ती शुरू कर दी है। मंगलवार को कई बिक्री केंद्रों का निरीक्षण किया गया। अनियमितता मिलने पर पांच का लाइसेंस निरस्त करने के साथ ही आठ अन्य का निलंबित किया गया।
जिला कृषि अधिकारी ऋतुषा तिवारी ने बताया कि कृषि विभाग की टीमों ने जनपद के 84 बिक्री केंद्रों पर छापा मारा। इस दौरान अनियमितताएं पाए जाने पर विशाल खाद भंडार (पैगा), मिश्रा फर्टिलाइजर्स (उमरिया कल्याणपुर), अमन खाद भंडार (क्योलड़िया), कृषि सेवा केंद्र (महलऊ) और लोधी ट्रेडर्स (रामनगर) के लाइसेंस निरस्त कर दिए गए।
इसके अतिरिक्त, सरकारी आदेशों की अवहेलना करने और बिना खतौनी प्राप्त किए खाद वितरण करने के मामले में आठ अन्य विक्रेताओं के लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर उनकी बिक्री पर रोक लगा दी गई है। लाइसेंस निलंबित होने वालों में प्रकाश सीमेंट स्टोर (बल्लिया), हसन खाद भंडार (बहेड़ी), सैनिक खाद भंडार (लौंगपुर), पंकज खाद भंडार (खतौला हुलासबुकुंवर), यादव कृषि रक्षा केंद्र (पुरैना), सुभाष एग्रो एजेंसी (रामनगर), प्रतिमा एग्रो ट्रेडर्स (चकदाह) और उमावीरा एग्री क्लीनिक (चठिया पखुरनी) के नाम शामिल हैं।
जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि बरेली में वर्तमान में 25,838 मीट्रिक टन यूरिया (5,74,177 बैग) और 21,961 मीट्रिक टन फॉस्फेटिक उर्वरक (4,39,220 बैग) का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। चेतावनी दी है कि सभी थोक और फुटकर विक्रेता किसानों को निर्धारित मूल्य पर और जोत के अनुसार ही खाद उपलब्ध कराएं। किसानों से अपील की गई है कि वे केवल जरूरत के अनुसार ही यूरिया और डीएपी का प्रयोग करें और अनावश्यक भंडारण या अधिक खरीदारी से बचें।