पीलीभीत बाईपास की फाइक इन्कलेव कॉलोनी के मदरसा जामिया मिलिया रिजविया के कारी मजहर हुसैन ने कुरआन का हिफ्ज करने वाले किशोर को सबक न सुनाने की सजा ऐसी दी कि वह अस्पताल में भर्ती है। किशोर का आरोप है कि सबक याद न होने पर पहले घूंसे मारे और फिर गर्दन को झटका देकर सीने पर बैठ गए। किशोर की पिटाई के खौफ से उसके कई साथी मदरसा छोड़कर भाग गए हैं। समाजवादी पार्टी की महिला सभा की प्रदेश सचिव तबस्सुम जहां की सिफारिश पर बारादरी में आरोपी समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हो गया है।
फाइक इन्कलेव निवासी मोहम्मद आसिफ का कालोनी में मजार के पास मेडिकल स्टोर है। उनका ग्यारह साल का इकलौता बेटा मोहम्मद अरहम कॉलोनी के ही मदरसे में कुरआन हिफ्ज ( जुबानी याद करना) कर रहा है। उसका कुरआन के दूसरे सिपारे का हिफ्ज चल रहा था। आसिफ का आरोप है कि बुधवार को कारी मजहर हुसैन उसे पढ़ा रहे थे। सबक याद न होने पर उन्होंने उसे पीटना शुरू कर दिया। पहले कारी ने उसको घूसें मारे। इसके बाद गर्दन मोड़कर उसके सीने पर बैठ गए। इससे उनका बेटा बेहोश होकर गिर गया। उसके बेहोश होने के बाद कारी साहब वहां से भाग गए। करीब दो घंटे बाद खबर मिलने पर वह मदरसे में पहुंचे और वहां के जिम्मेदार मौलाना इरशाद हुसैन से मामले की शिकायत की तो उन्होंने भी नहीं सुनी। मदरसे से प्रबंधक ने भी उसकी शिकायत को नजर अंदाज कर दिया। वह बेटे को मरदसे से उठाकर ले आए और निजी अस्पताल में भर्ती करा दिया। इकलौते बेटे की हालत देखकर मां मोहसिना सदमे में हैं। उधर आसिफ ने बताया कि उसने मामले की शिकायत सपा नेत्री से करके मामले में मुकदमा दर्ज कराने की गुहार की। सपा नेत्री ने एसएसपी के बात करके किशोर की पिटाई की घटना बताकर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा लिखाने की गुजारिश की। साथ ही यह भी बताया कि मदरसे में करीब 80 बच्चे पढ़ते हैं। किशोर की पिटाई के बाद कई किशोर मदरसा छोड़कर भाग गए हैं। एसएसपी के निर्देश पर आरोपी कारी मजहर हुसैन, मौलाना इरशाद हुसैन और मदरसे के प्रबंधक कॉलोनाइजर मोहम्मद आरिफ से खिलाफ मुकदमा लिखकर छानबीन करनी शुरू कर दी गई है।
-किशोर की पिटाई की जानकारी मिलने पर उन्होंने अस्पताल में भर्ती करा दिया था। कारी साहब का तरीका गलत है, प्रबंध कमेटी उनके खिलाफ जांच कराकर कार्रवाई करेगी। बच्चा किसी का भी हो, उसे पीटने का हक किसी को नहीं है। सबक याद नहीं था तो समझाकर फिर से याद करने के लिए कहा जा सकता था- मोहम्मद आरिफ, प्रबंधक, मदरसा