फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी: बदायूं में भी डेल्टा प्लस वैरिएंट का साया, मेडिकल कॉलेज के छात्र का सैंपल भेजा

Thu, 15 Jul 2021 12:44 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, बदायूं

सार

राजकीय मेडिकल कॉलेज में कोविड काल के दौरान अवकाश घोषित कर दिया गया था। हाल ही में पढ़ाई शुरू करते ही कॉलेज ने नियमावली लागू की कि हर छात्र छात्रा का क़लेज आने के पहले दिन कोविड परीक्षण कराया जाएगा। 
विज्ञापन
corona delta - फोटो : istock
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बदायूं जिले में कोरोना संक्रमण के मामले तेजी से कम हो रहे हैं। वहीं कोरोना की तीसरी लहर और कोरोना के डेल्टा प्लस वेरिएंट के खतरे के मद्देनजर भी तैयारियां तेज हो गई हैं। मेडिकल कॉलेज के कोरोना संक्रमित छात्र का सैंपल लखनऊ केजीएमसी में कोरोना के डेल्टा प्लस वैरिएंट की जांच को भेजा गया है। हालांकि छात्र की हालत बेहतर होने का दावा भी कॉलेज प्रशासन कर रहा है। एक संक्रमित छात्रा होम क्वारंटीन है।
विज्ञापन


राजकीय मेडिकल कॉलेज में कोविड काल के दौरान अवकाश घोषित कर दिया गया था। हाल ही में पढ़ाई शुरू करते ही कॉलेज ने नियमावली लागू की कि हर छात्र छात्रा का क़लेज आने के पहले दिन कोविड परीक्षण कराया जाएगा। 

दो दिन पहले अवकाश से लौटी एक छात्रा और एक छात्र का परीक्षण कराया गया तो दोनों कोरोना पॉजिटव निकले। छात्रा शहर की निवासी व छात्र अजमेर का बताया जा रहा है। इनमें छात्र को सर्दी जुकाम का असर था जबकि छात्रा की हालत ठीक थी। छात्रा होम क्वारंटीन हो गई तो छात्र को कॉलेज में भर्ती कर लिया गया।
विज्ञापन


शासन की गाइड लाइन है कि कोरोना के डेल्टा प्लस वेरिएंट के खतरे को देखते हुए कोरोना पॉजिटिव मिलने वाले लोगों में डेल्टा प्लस वेरिएंट की जांच करा ली जाए। इसके तहत कोरोना पॉजिटिव छात्र का सैंपल जीनोम सिक्वेंसिंग के लिए रेंडम जांच को लखनऊ के केजीएमसी भेजा गया है।
विज्ञापन

प्राचार्य बोले- छात्र स्वस्थ, डेल्टा वेरिएंट संक्रमण की बात गलत

मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. धर्मेंद्र गुप्ता का कहना है कि सैंपल सिर्फ गाइड लाइन के तहत भेजा गया है। जीनोम सिक्वेंसिंग के लिए शासन ने नियम लागू किया है कि रेंडम जांच के तहत पांच प्रतिशत सैंपल भेजे जाएं। बदायूं जिले में अब कोरोना केस ही एकाध निकल रहे हैं।

हाल ही में हमारे यहां छात्र व छात्रा का केस मिला है। ऐसे में इसी गाइड लाइन के तहत छात्र का सैंपल भेजा गया है। छात्र का कोविड संक्रमण भी लगभग खत्म होने के कगार पर है। वह दो-तीन दिन में निगेटिव हो जाएगा। अब तक जिले में डेल्टा प्लस वेरिएंट के किसी केस की पुष्टि नहीं हुई है।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें