बरेली। सरकार ने लड़कियों की शादी की उम्र बढ़ाकर लड़कों के बराबर यानी 21 साल कर दी है। साथ ही बाल विवाह प्रतिषेध कानून के कड़ाई से पालन करने को कहा है। बावजूद इसके नाबालिगों की शादी हो रही हैं। ऐसा ही एक मामला रविवार को चाइल्ड लाइन के सामने आया तो उसने नाबालिग जोड़े की शादी न करने की हिदायत दी। दोनों परिवारों को काउंसलिंग के लिए बुलाया गया, लेकिन वे नहीं आए।
मामला अलीगंज थाना क्षेत्र का है। यहां 16 वर्षीय लड़की की शादी, उसके हमउम्र लड़के से तय कर दी गई है। परिवार ने शादी की तारीख चार मार्च निर्धारित की है। मामला चाइल्ड लाइन के संज्ञान में आया तो टीम गांव पहुंची, लेकिन परिवार वालों ने लड़की के बुआ के घर होने की बात कह दी। चाइल्ड लाइन की टीम ने लड़की के पिता से उसकी शादी 21 साल से पहले न करने को कहा और शादी तोड़ने के लिए लिखित में पत्र लिया है।
हालांकि लड़की के परिवार और गांव वालों का कहना है कि समाज में माहौल ठीक नहीं है। लिहाजा लड़कियों की शादी 15-16 साल की उम्र में ही कर देते हैं। ज्यादा पढ़ा-लिखा कर भी क्या करेंगे। मंगलवार को दोनों परिवारों को काउंसलिंग के लिए बुलाया गया था, लेकिन वे नहीं आए। चाइल्ड लाइन की कोऑर्डिनेटर आरती शर्मा का कहना है कि दोनों परिवारों को काउंसलिंग के लिए बुलाया गया था पर वे उपस्थित नहीं हुए। आगे की कार्रवाई के लिए बाल कल्याण समिति (सीडब्ल्यूसी) को पत्र लिखा जाएगा।