छोटी-छोटी बातों पर टूट रहा जिंदगीभर का साथ
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बरेली के किला क्षेत्र निवासी रिया और तनुज (बदला हुआ नाम) की शादी डेढ़ साल पहले हुई थी। उनकी छह महीने की एक छोटी बच्ची है, लेकिन उनके वैवाहिक जीवन शुरुआती दौर में ही खटास पैदा हो गई है। विवाद के चलते उनका रिश्ता पुलिस तक पहुंच गया है।
आरोप है कि तनुज हर मामले में रिया से ज्यादा अपनी मां की सुनते हैं। रिया को पति से खर्च न मांगकर सास से मांगना पड़ता है। सास ने एक-दो बार खर्च को लेकर टोक दिया। यह बात रिया को अच्छी नहीं लगी। इसी को लेकर दोनों के रिश्तों में खटास आ गई है।
छोटी-छोटी बातों पर अहम टकराने का यह अकेला मामला नहीं है। शहर के परिवार परामर्श केंद्र में हर महीने करीब 150 ऐसे मामले पहुंच रहे हैं। केंद्र की प्रभारी आयशा के अनुसार पति-पत्नी में एक दूसरे के प्रति आपसी समझ की कमी और समर्पण न होना, रिश्तों के बिखरने की वजह बन रहा है। मामूली बातों पर नाराज होना रिश्तों में दूरियां ला रहा है।
उनके अनुसार पति का पत्नी और पत्नी का पति के परिवार के प्रति जिम्मेदारियों से भागने का भाव दोनों को पुलिस दरबार तक पहुंचा रहा है। इसमें से जिन जोड़ों को साथ बैठाकर गलती को समझने और उसमें सुधार करने पर बात की जाती है, वे सुधर जाते हैं।
वहीं जहां दो लोग एक-दूसरे को समझने का प्रयास नहीं करते, उन रिश्तों की डोर टूट जाती है। आयशा का मानना है कि इसमें परिवार वालों की भूमिका भी अहम है। कई परिवार बहू और बेटे के रिश्ते को बचाने का प्रयास नहीं करते या सिर्फ बहू को दोषी ठहराते हैं। यह भाव नहीं होना चाहिए।
ऐसे छोटी-छोटी बातों पर हो रहा बिखराव
सौम्या और उनके पति आदित्य (बदले हुए नाम) की शादी को सात साल हो चुके हैं। दोनों कामकाजी हैं, लेकिन पांच साल के छोटे बच्चे की जिम्मेदारियों को लेकर उनमें झगड़ा है। सौम्या का कहना है कि आदित्य को भी बच्चे की जिम्मेदारी और घर के कामों में सहयोग करना चाहिए। वहीं आदित्य कहते हैं कि सौम्या शिक्षिका हैं। वह समय से घर आ जाती हैं जबकि उन्हें पूरे दिन ऑफिस के काम में जूझना पड़ता है। आपसी विवाद के इस मामले को काउंसलिंग से सुलझाने की कोशिश चल रही है।
संजय नगर निवासी आशीष और नित्या (बदले हुए नाम) का रिश्ता भी आपसी सामंजस्य की कमी की खराब हुआ है। आशीष पर आरोप है कि झगड़ा होने पर वह नित्या की शिकायत अपने परिजनों से करते हैं। इसीलिए आशीष के परिवार ने दोनों के निजी मामलों में हस्तक्षेप करना शुरू कर दिया है। नित्या को यह बात अच्छी नहीं लगती। वहीं आशीष को लगता है कि नित्या उनके और परिवार के बीच दूरियां लाना चाहती हैं। अब दोनों की काउंसलिंग हो रही है।