आईजीआरएस पर की शिकायत, अवैध वसूली व शिक्षकों को वेतन भुगतान न करने के आरोप
परास्नातक में सीटें होने के बाद भी प्रवेश न करने का आरोप, सहायक कुलसचिव ने मांगा जवाब
बरेली। बरेली कॉलेज प्रशासन पर लगे वित्तीय गड़बड़ियों समेत तमाम गंभीर आरोपों की शासन ने जांच शुरू करा दी है। रुहेलखंड विश्वविद्यालय के सहायक कुलसचिव (आईजीआरएस) ने प्राचार्य को पत्र भेजकर आरोपों पर जवाब मांगा है। सात दिन के भीतर जवाब न मिलने पर उच्च स्तरीय जांच कराकर कार्रवाई की भी चेतावनी दी है।
सहायक कुलसचिव की ओर से बरेली कॉलेज प्राचार्य को भेजे गए पत्र के अनुसार मोहित कुमार सिंह ने जनसुनवाई समाधान प्रणाली के तहत बरेली कॉलेज प्रशासन पर तमाम आरोप लगाए हैं। इसमें वित्तीय अनियमितता, धन की अवैध वसूली, प्रवेश, शिक्षकों को वेतन भुगतान न करने जैसी शिकायतें हैं। प्राचार्य को सात दिन के भीतर इस पर अपनी आख्या उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। चेतावनी दी गई है कि जवाब न मिलने पर उच्चस्तरीय जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
मोहित कुमार सिंह के शिकायती पत्र में बरेली कॉलेज में स्नातक और परास्नातक कक्षा में कई सीटें रिक्त होने और प्रवेश के लिए रुहेलखंड विश्वविद्यालय की ओर से तिथि बढ़ाए जाने के बावजूद प्राचार्य पर प्रवेश न करने का भी आरोप लगाया गया है। कहा है कि इस वजह से कई विद्यार्थी प्रवेश के लिए भटक रहे हैं। शासन के राजस्व का भी बड़ा नुकसान हो रहा है।
स्नातक और परास्नातक की प्रवेश प्रक्रिया के दौरान कई बार मेरिट इंडेक्स जारी की गई। सभी सीट भर चुकी हैं। परास्नातक के कुछ पाठ्यक्रमों में बेहद कम प्रवेश हुए हैं पर उनके लिए अब तक आवेदन नहीं मिले हैं। प्रवेश प्रक्रिया संबंधी आरोप बेबुनियाद हैं। - डॉ. वीपी सिंह, बरेली कॉलेज के प्रवेश समन्वयक