बाराबंकी। विधानसभा चुनाव को लेकर बनाए गए 1707 मतदान केंद्रों में 51 ऐसे केंद्र हैं जहां बिजली कनेक्शन नहीं हैं। परिषदीय विद्यालय में बने इन केंद्रों पर वैकल्पिक व्यवस्था न होने तक मतदान प्रक्रिया में भारी दिक्कतें आ सकती हैं। हालांकि पावर कॉर्पोरेशन ने इन परिषदीय स्कूलों में बिजली कनेेेक्शन के लिए बेसिक शिक्षा विभाग को पत्र भेजकर राशि की मांग की है।
आचार संहिता लगने से काफी पहले मतदाता केंद्र और बूथों पर मूलभूत सुविधाओं को स्थिति परखने के लिए सेक्टर मजिस्ट्रेटों के साथ बीडीओ आदि को लगाया गया था। बावजूद इसके अभी भी कई मतदान केंद्र और बूथों पर बिजली कनेक्शन के साथ अन्य कई सुविधाओं का टोटा दिख रहा है।
उदाहरण के तौर पर हैदरगढ़ विधानसभा क्षेत्र के मतदान केंद्र घेरावां और पूरे खुशहालपुर में आधा दर्जन से अधिक बूथ हैं लेकिन यहां पर बिजली कनेक्शन तक नहीं हैं। ऐसे में मतदान के एक दिन पूर्व और मतदान के दिन यहां रुकने वाली पोलिंग पार्टियों के कार्मिकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।
वहीं पावर कॉर्पोरेशन की मानें तो मतदान केंद्र बने 51 ऐसे परिषदीय विद्यालयों की सूची बेसिक शिक्षा विभाग को सौंपी हैं जहां पर बिजली कनेक्शन नहीं हैं। ताकि राशि मिलने पर खंभा, तार आदि लगाकर सप्लाई शुरू की जा सके। बेसिक शिक्षा विभाग को भेजी सूची में हैदरगढ़ में 27, कुर्सी में आठ, बाराबंकी में चार और जैदपुर विधानसभा क्षेत्र के 12 स्कूलों में कनेक्शन किए जाने की आवश्यकता बताई गई है।
शौचालय, चहारदीवारी और पेयजल का भी टोटा
बिजली के साथ कई अन्य मूलभूत सुविधाओं का भी टोटा मतदान केंद्रों पर देखने को मिल रहा है। उदाहरण के तौर पर जैदपुर विधानसभा क्षेत्र के हरख ब्लॉक अंतर्गत प्राथमिक विद्यालय मिर्जापुर कंपोजिट विद्यालय नरौली और प्राथमिक विद्यालय टिकराघाट में चहारदीवार और गेट टूटे पड़े हैं। शौचालय प्रयोग करने लायक नहीं हैं। कुछ ऐेसे ही हालात कई अन्य मतदान केंद्रों पर देखने को मिल सकते हैं।
परिषदीय स्कूलों में बिजली कनेक्शन के लिए बीएसए कार्यालय को पत्र भेजकर राशि मांगी गई है ताकि यहां खंभे और तार आदि लगाकर बिजली सप्लाई शुरू कराई जा सके।
-चंद्रशेखर, अधीक्षण अभियंता, पावर कॉर्पोरेशन