बाराबंकी। मुख्यमंत्री जनआरोग्य मेेले में रविवार को 1778 मरीज देखे गए। इस दौरान आयुष्मान भारत योजना के तहत मेले में आए करीब 86 पात्र लोगों के गोल्डन कार्ड भी बनाए गए। मेले में आने वाले मरीजों की जांच कराकर उन्हें मुफ्त दवाएं भी दी गईं।
रविवार को जिले के 57 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्यमंत्री जनआरोग्य मेले का आयोजन किया गया। मेले में इस बार भी सबसे ज्यादा वायरल बुखार के मरीज आए और इनमें सबसे ज्यादा संख्या महिला मरीजों की रही। इस दौरान 759 महिलाएं, 729 पुरुष और 290 बच्चों को उपचार की सुविधा दी गई। पीएचसी कोटवाधाम, टिकैतगंज, दहिला आदि पर मरीजों की संख्या ज्यादा रही। यहां मौजूद चिकित्सकों द्वारा मरीजों को देखकर उनकी जांच कराई गई और मुफ्त दवाएं भी दी गईं।
इस दौरान हालत गंभीर पाए जाने पर जहां छह मरीजों को जिला अस्पताल के लिए रेफर किया गया, वहीं आयुष्मान भारत योजना के तहत 86 पात्र लोगों के गोल्डन कार्ड भी बनाए गए। वहीं संदिग्ध पाए जाने पर 410 लोगों की कोरोना की जांच भी की गई। मेले में आने वाले मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए 130 डॉक्टर और 379 कर्मचारियों को लगाया गया था।
इस दौरान वायरल बुुुखार के 83, मलेरिया के 20, लीवर रोग के 41, गैस्ट्रो के 182, डायबिटीज के 75, त्वचा रोग के 242, टीबी के संदिग्ध छह मरीज देखे गए। इस बाबत सीएमओ डॉ. रामजी वर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री जनआरोग्य मेले में करीब 1778 मरीज आए। इनमें वायरल बुखार के मरीजों की संख्या सबसे ज्यादा रही। मेले में आने वाले मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके निर्देश मेले में मौजूद सभी चिकित्सकों को दिए गए थे।