बांदा। पत्नी ने ही प्रेमी के साथ मिलकर पति को मौत के घाट उतारा था। पत्नी ने प्रेमी संग पहले गला दबाकर हत्या की फिर हाथ-पैर बांध घुटनों में डंडा फंसाकर शव को ले जाकर यमुना नदी में फेंक दिया था। शव मिलने के चार दिन बाद पुलिस ने हत्याकांड का पर्दाफाश कर दिया। पुलिस ने हत्यारोपी पत्नी और प्रेमी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
यह जानकारी देते हुए एसपी अभिनंदन ने बताया कि खुलासा करने वाली पुलिस टीम को 25 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। बृहस्पतिवार को एसपी अभिनंदन ने पुलिस लाइन सभागार में बताया कि 20 जून को सुबह जसपुरा थाना क्षेत्र के बुधेड़ा गांव में यमुना नदी किनारे शिवनारायण निषाद का शव मिला था।
उसके हाथ-पैर बंधे थे और घुटनों में डंडा फंसा था। पूछताछ में पत्नी दुलारी ने बताया था कि वह 18 जून की रात गांव में एक मंडप कार्यक्रम में गया, फिर घर नहीं लौटा था। परिजनों और संदिग्धों से पूछताछ एवं सर्विलांस की मदद से पुलिस को कुछ सुराग हासिल हुए। शिवनारायण की पत्नी दुलारी को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई तो घटना का पर्दाफाश हो गया।
हत्यारोपियों के हवाले से एसपी ने बताया कि घटना वाले दिन शिवनारायण और उसकी पत्नी दुलारी घर पर थी। बेटा दीपक और पुत्री व दामाद रिश्तेदारी में गए हुए थे। गांव के मंडप कार्यक्रम से शिवनारायण जब घर पहुंचा तो पत्नी और गांव के ही जगभान सिंह उर्फ पुतुवा को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया।
शिवनारायण ने इसका विरोध किया और पत्नी के साथ मारपीट की। इस पर दोनों ने उसे चारपाई में गिरा दिया और गला दबाकर हत्या कर दी। शव को ठिकाने लगाने के लिए चारपाई के नीचे डाल दिया। रात करीब दो बजे दोनों डंडे के सहारे शिवनारायण का शव ले जाकर यमुना नदी में फेंक आए। एसपी ने बताया कि दुलारी के प्रेेमी जगभान सिंह को चौडगरा (फतेहपुर) और दुलारी को घर से गिरफ्तार किया गया है।
हत्यारोपी के खेत बटाई में लेता था मृतक
शिवनारायण और हत्यारोपी जगभान सिंह उर्फ पुतुवा के बीच एक साल से तनातनी चल रही थी। एसपी ने बताया कि शिवनारायण जगभान की जमीन बटाई में लेकर खेती करता था। यह सिलसिला कई सालों से चल रहा था, लेकिन पिछले वर्ष पुतुवा ने उसे अपने खेत में बटाई में नहीं दिए। इसकी वजह दोनों के बीच मनमुटाव था। यह बात हत्यारोपी पुतुवा ने खुद स्वीकारी है। बताया कि पुतुवा का उसके घर आना-जाना था। पत्नी से संबंध होने को लेकर दोनों में खटास थी। (संवाद)