The jam was imposed by keeping the body of the Gumti shopkeeper
- फोटो : BANDA
अतर्रा (संवाद)। महिला चिकित्साधिकारी की कार से गुमटी में बैठे वृद्ध की मौत का मामला तीसरे दिन गरमा गया। पोस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों ने अतर्रा-नरैनी मुख्य मार्ग पर रखकर जाम लगा दिया। परिजन इस बात पर अड़े थे कि कार मालिक और चालक पर रिपोर्ट दर्ज कर उनकी गिरफ्तारी हो और मुआवजा दिया जाए। दोनों पर रिपोर्ट दर्ज हो जाने और आर्थिक सहायता की मदद का भरोसा दिलाए जाने पर लगभग एक घंटे बाद परिजन शांत हुए और जाम खत्म किया।
बुधवार को करतल सीएचसी प्रभारी डॉ. अंजली मिश्रा ड्यूटी खत्म कर अपने घर जा रही थीं। कार उनका ड्राइवर सुशील तिवारी चला रहा था। साथ में योग प्रशिक्षक राजेश राजपूत भी थे। चिमनी पुरवा के पास तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पान की गुमटी में जा घुसी। गुमटी में बैठे 65 वर्षीय शिव प्रसाद प्रजापति गंभीर रूप से घायल हो गया। कुछ देर बाद जिला अस्पताल में उसकी मौत हो गई।
पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों के हाथ आते ही अतर्रा-नरैनी मार्ग पर परिजनों ने शव रखकर जाम लगा दिया। यातायात ठप हो गया। उनकी मांग थी कि कार मालिक व चालक पर रिपोर्ट दर्ज हो और मुआवजा दिया जाए। कोतवाली इंस्पेक्टर अनूप कुमार दुबे ने उन्हें बताया कि दोनों पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। ड्राइवर को जेल भेज दिया गया है।