फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मुख्तार की पेशी होने से टली ईडी की पूछताछ

विज्ञापन
विज्ञापन
बांदा। जेल में बंद बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी ने बृहस्पतिवार को एमपी-एमएलए कोर्ट में वर्चुअल पेशी के दौरान फिर जान का खतरा बताया है। मुख्तार के अधिवक्ता ने कोर्ट में आशंका जाहिर की कि उनके मुवक्किल को जहर दिया जा सकता है।
विज्ञापन

कोर्ट से उच्च श्रेणी की सुविधा देने की मांग की है। मुख्तार की बाराबंकी के एंबुलेंस के फर्जी रजिस्ट्रेशन प्रकरण में बृहस्पतिवार को एमपी-एमएलए कोर्ट में पेशी थी। वर्चुअल पेशी के दौरान मुख्तार के वकील रणधीर सिंह सुमन ने अदालत को बताया कि राज्य सरकार मुख्तार से नाराज है।
ऐसे में सरकार के इशारे पर उन्हें जहर देकर मारा जा सकता है। वकील ने न्यायालय को पत्र देकर कहा कि विधायक को जेल मैनुअल के अनुसार उच्च श्रेणी की सुविधा दी जाती है। लिहाजा उन्हें उच्च श्रेणी की सुविधा दी जाए।
विज्ञापन

कोर्ट ने सुनवाई की अगली तिथि सात अक्तूबर नियत की है। इसके पूर्व 16 अगस्त को मुख्तार ने पेशी के दौरान उनकी हत्या के लिए पांच करोड़ की सुपाड़ी देने व साजिश में जेल पुलिस के शामिल होने का आरोप लगाया था।
कहा कि जेल के अंदर संदिग्ध लोगों की आवाजाही बढ़ी है। इनकी गेट बुक में एंट्री भी नहीं की जाती है। जेलर प्रमोद कुमार ने कहा कि जेल में मुख्तार की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम हैं। हत्या होने की आशंका जैसे आरोप गलत हैं।
जेल में मुख्तार से पूछताछ को ईडी के पहुंचने के मामले में कहा कि ऐसी उन्हें कोई जानकारी नहीं है। सूत्रों की माने तो ईडी को मुख्तार से पूछताछ के लिए जेल पहुंचना था, लेकिन मुख्तार की बाराबंकी कोर्ट में पेशी होने के कारण ईडी टीम लौट गई। उम्मीद है कि इसी सप्ताह दोबारा ईडी यहां आएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें