बांदा। शहर के चर्चित भाजपा नेत्री और जिला पंचायत सदस्य श्वेता सिंह गौर की मौत के मामले में आरोपी भाजपा नेता पति दीपक सिंह गौर की जमानत अर्जी सीजेएम भारतेंदु प्रकाश गुप्ता ने जमानत अर्जी खारिज कर दी। आरोपी पति लगभग डेढ़ माह से जेल में है।
गौरतलब है कि श्वेता सिंह गौर भाजपा महिला मोर्चा में महामंत्री थीं। 28 अप्रैल को इंदिरा नगर स्थित घर में श्वेता का शव फंदे पर लटकता मिला था। पति दीपक सिंह फरार हो गया था। श्वेता के पिता धर्मवीर और भाई ओमकार सिंह ने मौत को हत्या बताया था। भाई ओमकार ने कोतवाली नगर में आरोपी पति दीपक सिंह गौर और रिटायर्ड डीआईजी ससुर राजबहादुर सिंह समेत जेठ धनंजय सिंह व सास पुष्पा सिंह के विरुद्ध नामजद हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
आरोप था कि बहन श्वेता को उक्त लोग मारपीट कर प्रताड़ित करते थे। कारोबार के लिए 50 लाख रुपये की मांग कर रहे थे। साथ ही पुत्र न होने पर ताने देते थे। श्वेता खुद समय-समय पर फोन और व्हाट्स एप पर उसे और पिता को जानकारी देती रही। हालांकि विवेचना के दौरान पुलिस ने इसे गैर इरादतन हत्या में बदल दी थी।