महराजगंज तराई/हरैया सतघरवा (बलरामपुर)। मनरेगा के तहत स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को दो दिवसीय प्रशिक्षण दिया गया। इसके जरिये उन्हें रोजगार के अवसर उपलब्ध कराकर आत्मनिर्भर बनाने के लिए प्रेरित किया गया। प्रशिक्षण के बाद महिला मेट अपने गांवों में मनरेगा कार्यों की निगरानी करेंगी।
तुलसीपुर ब्लॉक के कौवापुर स्थित कार्यालय में बीडीओ संजय श्रीवास्तव ने दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला के माध्यम से बताया कि महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए सरकार की तरफ से कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। योजनाओं का लाभ लेकर महिलाएं रोजगार के माध्यम से आत्मनिर्भर बन सकती हैं।
ग्राम पंचायतों के मनरेगा कार्यों पर प्रशिक्षण प्राप्त करने वाली ब्लॉक की 300 महिलाएं निगरानी करेंगी। कार्य स्थल पर श्रमिकों की पूरी जानकारी रखेंगी। पारदर्शिता के साथ मनरेगा कार्य कराकर गांवों के विकास पर फोकस करेंगी।
सहायक विकास अधिकारी विजय शंकर मणि ने कहा कि स्वयं सहायता समूह प्रदेश सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट है। महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए इसी प्रोजेक्ट के माध्यम से सरकार कार्य कर रही है। इस अवसर पर एपीओ आलोक सिंह, दयाशंकर व राधेश्याम आदि मौजूद रहे।
उधर, हरैया सतघरवा ब्लॉक के शिवपुरा स्थित सभागार में बीडीओ सागर सिंह ने दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि 23 महिलाओं को एनआरएच विभाग की तरफ से चयनित किया गया है।
एपीओ विजय कुमार यादव, राकेश चौधरी, मनोज कुमार वर्मा व विजय कुमार की तरफ से महिलाओं को प्रशिक्षण दिया गया। इस अवसर पर बड़का, कलावती, मैनावती, श्यामकली, बबिता, सुनीता, ममता, अनीता, अमरावती, गायत्री व छोटका आदि मौजूद रहीं।