फोटो-9-बलरामपुर के मदरसा जामिया अरबिया अनवारुल कुरान अरबी डिग्री कालेज में दुआ माँगते उलेमा।-सं
बलरामपुर। शहर मुफ्ती मोहम्मद मसीह अहमद कादरी की मगफिरत के लिए बलरामपुर व मुंबई सहित कई शहरों की मस्जिद व मदरसों में कुरानख्वानी का आयोजन किया गया। इसके बाद अकीदतमंदों ने उनके लिए विशेष दुआ भी की। उलमाओं ने उन्हें इल्म, अमल और अखलाक की मिसाल बताते हुए उनके दीनी और शैक्षणिक सेवाओं को याद किया।
मोहल्ला सराय फाटक स्थित जामा मस्जिद में शहर मुफ्ती के दामाद मास्टर वसीम और परिजनों की तरफ से भोर पहर कुरानख्वानी का आयोजन हुआ। इसमें जिले भर से पहुंचे उलेमा, अकीदतमंद और छात्रों ने कुरान का पाठ किया। अंत में सैय्यद अहमद रजा कादरी ने दिवंगत शहर मुफ्ती की मगफिरत, जन्नत में आला मुकाम व परिजनों को सब्र अता करने की दुआ की।
जामिया अरबिया अनवारुल कुरआन अरबी डिग्री कॉलेज में भी शिक्षक और छात्रों ने कुरानख्वानी की। प्रभारी प्रधानाचार्य मुफ्ती मुजम्मिल अख्तर ने कहा कि मौलाना मसीह अहमद कादरी ने वर्षों तक अपने ज्ञान, अनुशासन और दूरदर्शिता से संस्थान को नई पहचान दिलाई। मौलाना नूर अहमद कादरी और कारी फरियाद हुसैन ने कहा कि उनका जीवन इल्म, सादगी और समाज सेवा का बेहतरीन उदाहरण ना। उन्होंने हजारों छात्रों के चरित्र निर्माण में अहम योगदान दिया।
बलरामपुर के अलावा मुंबई, लखनऊ, वाराणसी, गोंडा और महराजगंज के कई मदरसों में भी कुरानख्वानी और दुआ का आयोजन किया गया। उलमाओं ने कहा कि शहर मुफ्ती की दीनी सेवाओं और शिक्षण कार्यों को लंबे समय तक याद रखा जाएगा।