जयप्रकाश नगर। पिछले चार दिनों से घाघरा नदी के जलस्तर में लगातार हो रही वृद्धि से चांददियर ग्राम पंचायत के कई पूरवों में बाढ़ का पानी घुसना शुरू हो गया है। अफरातफरी का माहौल हो गया है। लोग अपने मवेशियों को लेकर बकुल्हा पुरानी रेलवे लाइन पर शरण लेना शुरू कर दिएहैं। प्रकाश की व्यवस्था नहीं होने से अंधेरे में रहना पड़ रहा है। इनकी सुधि लेने वाला कोई नहीं है।
क्षेत्र के चांददीयर पंचायत के टोला फतेह राय, बैजनाथ के डेरा, पियारी के डेरा, मठिया पूरवे को सरयू नदी ने जलमग्न कर दिया है। आवागमन अवरुद्ध कर दिया है। इन पुरवों की विद्युत आपूर्ति भी आठ दिनों से बंद है। पशुपालक पशुओं को लेकर गुरुवार शाम से बकुल्हा पुरानी रेलवे लाइन पर शरण ले रहे हैं। अभी कोई व्यवस्था मुहैया नहीं कराई गई है। विक्रम यादव, तेजन यादव, पूर्णमासी यादव, चनेश्वर यादव, पंचदेव चौधरी, संतोष चौधरी आदि ने बताया कि कोई सुविधा प्राप्त नहीं हुई है। वहीं, पुरानी रेलवे लाइन पिछले चार दशक से बंद है। लाइन के नीचे कई जगह छेद बन गया है। लाइन से रिसाव होने की सूचना से शुक्रवार को अफरातफरी का माहौल हो गया। प्रधान विनोद यादव ने बाढ़ विभाग को जानकारी दी। एसडीओ अमृत लाल, जेई आरडी यादव, जेई निमेष कुमार मौके पर पहुंचे। बालू भरी बोरियों मंगवाकर उसे भरवाना शुरू किया। सरयू नदी शुक्रवार को एनएच-31 स्थित यादव नगर बस्ती के सामने पार करने को आतुर दिखी। यदि सड़क पर पानी बहने लगेगा तो समस्या पैदा हो जाएगी।