जिले के 685 ग्राम पंचायतों में गांव की सरकार का गठन हो गया। मंगलवार को नवनिर्वाचित प्रधानों और ग्राम पंचायत सदस्यों को पद और गोपनीयता की वर्चुअल शपथ दिलाई गई।
कोरोना महामारी के चलते शपथ ग्रहण कार्यक्रम संबंधित ग्राम पंचायतों के पंचायत/सामुदायिक भवन में कराया गया, जहां संबंधित ब्लॉकों के खंड विकास अधिकारियों ने ग्राम प्रधानों और एडीओ (पंचायत) ने ग्राम पंचायत सदस्यों को शपथ दिलाई। जबकि शेष 67 ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित प्रधानों और ग्राम पंचायत सदस्यों को बुधवार को वर्चुअल शपथ दिलाई जाएगी।
जिले की 685 ग्राम पंचायतों में पंचायत सदस्यों की दो तिहाई संख्या है। जबकि शेष 256 ग्राम पंचायतों में ग्राम पंचायत सदस्यों की संख्या का अभाव है, जिसके कारण वहां पंचायतों के संघटन का कार्य बाधित है। इस कारण वहां के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को शपथ लेने के लिए अभी इंतजार करना पड़ेगा।
बेलहरी ब्लाक के मुड़ाडीह ग्राम सभा के नवनिर्वाचित प्रधान संतोष पासवान को खंड विकास अधिकारी धन प्राप्त यादव ने वर्चुअल शपथ दिलाई। गांव के पंचायत भवन में आयोजित कार्यक्रम में एडीओ पंचायत शशिभूषण ने ग्राम पंचायत सदस्यों को भी पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।
घोघा। खंड विकास अधिकारी, बांसडीह रणजीत कुमार ने 44 नव निर्वाचित ग्राम प्रधानों एवं सहायक खंड विकास अधिकारी अरुण कुमार सिंह ने नव निर्वाचित ग्राम पंचायत सदस्यों को वर्चुअल शपथ दिलाई। ब्लाक की 58 ग्राम पंचायतों में 13 ग्राम पंचायतों के ग्राम पंचायत सदस्यों की संख्या नहीं होने के कारण शपथ नहीं दिलाई गई। वही 45 ग्राम प्रधानों में से केवल एक ग्राम प्रधान खरौनी के आलोक सिंह बबलू अनुपस्थित रहे तथा शेष सभी नव निर्वाचित प्रधान एवं ग्राम पंचायत सदस्यों ने शपथ ग्रहण में भाग लिया।
बांसडीह। विकासखंड के प्रांगण में ग्राम पंचायत पिंडहरा के नवनिर्वाचित प्रधान नीतीश पांडेय रंजन को बीडीओ रणजीत कुमार ने शपथ दिलाई।
दयाछपरा। बैरिया ब्लॉक के ग्राम पंचायत दयाछपरा के पंचायत भवन में नव निर्वाचित प्रधान हृदयानंद वर्मा को शपथ खंड विकास अधिकारी रामशीष ने दिलाई। जबकि ग्राम विकास अधिकारी ने पंचायत सदस्यों को दो भागों में शपथ दिलाई। चिलकहर। क्षेत्र के पांडेयपुर में मोनिका पांडेय समेत 28 गांवों के प्रधानों को बीडीओ संतोष कुमार ने शपथ दिलाई। वहीं एडीओ पंचायत व ग्रामसभा के सचिवों ने ग्रामपंचायत सदस्यों को शपथ दिलाई।
सिकंदरपुर। नवानगर ब्लाक के 39 और पंदह के 42 नवनिर्वाचित ग्राम प्रधानों एवं ग्राम पंचायत सदस्यों को बीडीओ ने शपथ दिलाई। पूरा समारोह वर्चुअल तरीके से हुआ। पंदह ब्लाक के नवनिर्वाचित 42 प्रधानों को दोपहर बाद शपथ दिलाई गई। बेल्थरारोड। सीयर ब्लॉक के 94 ग्राम सभाओं के 51 नवनिर्वाचित प्रधान व सदस्यों ने वर्चुअल शपथ ली। जबकि 43 ग्रामों के सदस्य नामांकन नहीं होने के चलते शपथ लेने से वंचित रह गए। खंड शिक्षा अधिकारी गजेंद्र प्रताप सिंह ने प्रधानों व एडीओ पंचायत आनंद कुमार राय ने सदस्यों को कोविड नियमों के तहत वर्चुअल शपथ दिलाई।
नगरा। विकास खंड के 49 ग्राम पंचायतों के निर्वाचित प्रधानों को बीडीओ प्रवीनजीत ने शपथ दिलाई। 45 ग्राम प्रधान दो तिहाई सदस्य संख्या न होने पर शपथ लेने से वंचित रह गए। डिहवां में ग्राम प्रधान रामकठिन राजभर को ग्राम पंचायत अधिकारी मनोज कुमार सिंह, नरहीं में मांती राजभर को ग्राम पंचायत अधिकारी चंदन गुप्ता, ढेकवारी में सुनीता देवी को ग्राम पंचायत अधिकारी अविनाश साहनी ने ग्राम पंचायत सदस्यों के साथ शपथ दिलाई। वही ग्राम पंचायत सदस्यों को सहायक विकास अधिकारी रमाकांत राम ने शपथ दिलाई।
लालगंज। मुरली छपर ब्लाक के 17 ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित प्रधानों को वर्चुअल विधि से शपथ ग्रहण कराया गया।
रेवती। विकास खंड के 51 ग्राम प्रधानों में विभिन्न ग्राम सभाओं के 31 ग्राम प्रधानों को एवं 359 ग्राम पंचायत सदस्यों को बीडीओ ओम प्रकाश गुप्ता एवं एडीओ पंचायत विनोद पांडेय के नेतृत्व में नोडल अधिकारियों द्वारा वर्चुअल शपथ ग्रहण कराया।
बसवरिया के प्रधान का शपथ ग्रहण रोकने की मांग
बलिया। विकासखंड मनियर के ग्राम पंचायत बंसवरिया के नवनिर्वाचित प्रधान श्रीकांत यादव के शपथ ग्रहण रोकने के लिए अखिलेश यादव ने खंड विकास अधिकारी मनियर रमेश कुमार को पत्रक सौंपा है। श्रीकांत यादव का शपथ ग्रहण बुधवार को दिन में 10 बजे होना है। पत्रक में यादव ने रिटायर्ड जेई रामजन्म यादव की मौत का जिम्मेदार नवनिर्वाचित प्रधान को मानते हुए मांग की है। साथ ही शपथ ग्रहण रोकने की मांग की है। बताते चलें कि चुनावी रंजिश को लेकर विगत 17 मई की रात आठ बजे खेजुरी थाना क्षेत्र के बहेलिया निवासी अवकाश प्राप्त जेई वृद्ध रामजन्म यादव 70वर्ष की लाठी डंडे से पिटाई की गई थी। इनके बचाव में आए सुशांत यादव(20), प्रदीप यादव (20) व ज्ञान प्रकाश यादव (17) को भी लाठी व राड से वार कर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया था। गोरखपुर में इलाज के दौरान रामजन्म यादव की मौत हो गई थी।