बलिया। मौसम का मिजाज बदलने का असर सोमवार की रात देखने को मिला। ग्रामीण क्षेत्रों व शहर के आसपास रात 11 बजे के बाद आंधी चली। बादल गरजने के साथ झमाझम बारिश हुई। आंधी व पानी ने तबाही मचायी। कई जगह पेड़ों की टहनियां टूट गईं और पेड़ उखड़ गए। कई जगह बिजली गिरी। अधिशासी अभियंता आरके सिंह के अनुसार, जिले में बारिश व आंधी से बिजली के करीब 200 खंभे गिर गए हैं। 20 ट्रांसफाॅर्मरों को क्षति पहुंची है। पेड़ गिरने से कई जगहों पर तार टूट गए। करीब 15 लाख का नुकसान हुआ है। उधर, आंधी-पानी के कारण लगभग चार सौ गांवों में बिजली आपूर्ति दस से 12 घंटे तक बाधित रही। बहुत से इलाकों में मंगलवार शाम तक बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई थी। सड़कों पर पेड़ गिरने से आवागमन भी बाधित हो गया। बारिश व तेज हवा से मक्के की फसल को नुकसान पहुंचा है। शहर के कई क्षेत्रों में जलभराव हो गया। सुबह तक कलेक्ट्रेट गेट पर पानी लगने से लोगों को आने-जाने में दिक्कत हुई। हालांकि कुछ देर बाद पानी निकल गया।
बेल्थरारोड : तेज हवाओं के बीच बिजली के तीन खंभे और कई पेड़ गिर गए। इससे सोमवार की रात से मंगलवार को दिन में भी बिजली आपूर्ति बाधित रही। पेड़ों के गिरने से आवागमन प्रभावित हुआ। कई स्थानों पर जलभराव से लोगों को आवागमन में दिक्कत उठानी पड़ी। इंदरपुर: में सोमवार की रात आंधी और बारिश से बिजली व्यवस्था चरमरा गई है। कई जगह बिजली के खंभे गिर गए, तार टूट गए हैं। इस वजह से नगरा क्षेत्र की 25 हजार से अधिक की आबादी 20 घंटों से बिजली के बिना रह रही है। बिजली उपकेंद्र के अवर अभियंता ने रात में बिजली आपूर्ति बहाल करने का आश्वासन दिया है। रतसर : विद्युत उपकेंद्र से आपूर्ति ठप है। उपकेंद्र से जुड़े लगभग 130 गांवों में मंगलवार की शाम तक विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित नहीं हो पाई। जेई कैलाश राव ने बताया कि लाइन की पेट्रोलिंग कराई जा रही है। फाल्ट दुरुस्त होते ही आपूर्ति सुचारु हो जाएगी।
जयप्रकाश नगर : क्षेत्र में तेज हवा के साथ बारिश से विद्युत उपकेंद्र ठेकहां, विद्युत उपकेंद्र जेपी नगर से संबंधित सभी गांवों में विद्युत आपूर्ति ठप है। लालगंज : दोकटी फीडर क्षेत्र के दर्जनों गांव में भी आंधी पानी के चलते विद्युत सप्लाई बंद है।
नरहीं : बारिश के कारण 80 गांवों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। कैथवली विद्युत उपकेंद्र व बसंतपुर उपकेंद्र से बिजली आपूर्ति पूरी रात ठप रही।
पेड़ गिरने से ट्रक व बाइक क्षतिग्रस्त
नगरा। आंधी के साथ बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। नगरा बाजार में लगभग आधे घंटे की बारिश से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। मांगलिक कार्यक्रम के लिए लगाए गए टेंट उखड़ गए। बेल्थरा मार्ग के जहांगीरपुर के समीप जामुन का पेड़ गिरने से तीन खंभे धराशायी हो गए। रामजी के घर के सामने खड़ी दो बाइक क्षतिग्रस्त हो गई। टिनशेड उड़ गया। अनिल सेठ की गाय जख्मी हो गई। जहांगीरापुर मुख्य सड़क पर पेड़ गिरने से ट्रक क्षतिग्रस्त हो गया।
विवाह के आयोजनों में खलल, कुछ क्षेत्रों में पड़े ओले
सोमवार की रात आंधी व तेज बारिश के साथ गिरे ओलों ने विवाह आयोजनों में खलल डाल दिया। विवाह स्थलों पर लगाए गए पंडाल तेज हवा से अस्त-व्यस्त हो गए। लोग बचने के लिए इधर-उधर भागने लगे। कई जगहों पर शादी की रस्म किसी तरह से अदा की गई। रसड़ा व सिकंदरपुर के कुछ क्षेत्रों में ओले पड़े। टेंट वालों का काफी नुकसान हुआ है।
धान की नर्सरी डालने में जुटे किसान
पूर। बारिश के बाद अगैती धान की रोपाई के लिए धान की नर्सरी डालने एवं धान की रोपाई के लिए खेतों की जोताई शुरू हो गई है। जायद की फसलों के लिए भी बारिश फायदेमंद है। करमौता से विद्युतउपकेन्द्र पहराजपुर, गौरामदनपुरा एवं तुर्की दौलतपुर को सप्लाई की जाने वाली 33 केवीए के तार पर डाल गिरने से विद्युत आपूर्ति बाधित हुई है।
टंकी से पानी सप्लाई हुई ठप
मझौवां। आंधी व बारिश की वजह से दिघार स्थित 132/33 केवी के सब स्टेशन से जुड़े एक दर्जन से अधिक गांवों में बिजली गुल हो गई। प्रभावित गांवों में मझौवां, पचरुखिया, दिघार, रामपुर, हुकुम छपरा, मीनापुर, गंगापुर, दुर्जनपुर, चौबे छपरा, रिकनी छपरा, रामगढ़, तेलिया टोक, बलिहार, सुघर छपरा, केहरपुर, श्रीनगर, शाहपुर, गंगौली आदि शामिल हैं। इससे रामगढ़ स्थित टंकी से पानी की सप्लाई भी बंद हो गई है। इससे 40 हजार की आबादी को पेयजल का संकट हो गया है।
फॉल्ट ठीक करने में जुटे रहे कर्मचारी
पंदह। आंधी के साथ हुई बारिश और ओले गिरने ने बिजली व्यवस्था ध्वस्त हो गई। क्षेत्र के खड़सरा, अखैनी, सकरपुरा, चवरी, कल्याण डेहरा, विषहर, खेजुरी, रकसा, पिपरकला, पटपर, गोड़वरा समेत डेढ़ दर्जन से अधिक स्थानों पर खंभे गिरने से रतसर पूर्वी फीडर से संबद्ध लगभग 60 गांवों की विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई है। अकेले खड़सरा में तीन स्थानों पर बिजली के तारों पर पेड़ गिरने से खंभे क्षतिग्रस्त हो गए हैं। आंधी की वजह से रतसर टाउन, रतसर पश्चिमी और साउथ फीडर से संबद्ध करीब 190 गांवों की आपूर्ति भी बाधित रही। मंगलवार की सुबह से ही कर्मचारी फाॅल्ट ढूंढने में जुटे हैं। अवर अभियंता कैलाश कुमार राव ने बताया कि सुबह 11:30 बजे मेन सप्लाई बहाल कर दी गई है। फ़ीडरों से जुड़े गांवों में सप्लाई चालू करने की व्यवस्था की जा रही है।