बलिया। आजादी के 75 वें वर्षगांठ पर शासन की ओर से प्रत्येक गांव, नगर पालिका और नगर पंचायतों में अमृत महोत्सव उद्यान स्थापित करने का निर्देश दिया है। इसके लिए ग्राम विकास और नगर विकास विभाग को नोडल बनाया गया है। ग्राम पंचायतों के उद्यान में 75 पौधे लगाए जाएंगे वही नगरपालिका के अमृत महोत्सव उद्यान में 750 पौधे लगाने का निर्देश दिया गया है। इसको लेकर जिले में भी प्रक्रिया शुरू हो गई है। जिले के 940 ग्राम पंचायतों के अलावा दो नगर पालिका व 10 नगर पंचायतों इस उद्यान को धरातल पर उतारने की तैयारी चल रही है।
आजादी की 75 वीं वर्षगांठ के मौके पर देश में अमृत महोत्सव मनाया जा रहा है। जिले की सभी 940 ग्राम पंचायतों में एक-एक अमृत महोत्सव उद्यान विकसित किया जाएगा। अमृत महोत्सव उद्यान में अलग-अलग प्रजाति के 75 पौधे लगाए जाएंगे। बरसात में अमृत महोत्सव उद्यान में पौधे लगाए जाएंगे। अमृत महोत्सव उद्यान को लेकर जिले के सभी गांवों में खास तैयारी चल रही है। शासन के आदेश के बाद अधिकारियों ने बैठक कर अमृत महोत्सव उद्यान को विकसित करने की प्रक्रिया शुरू करने का निर्णय लिया है। कम से कम एक-एक हजार वर्ग मीटर जमीन में अमृत महोत्सव उद्यान विकसित किए जाने हैं। इसमें पीपल-पाकड़ और बरगद के साथ-साथ अलग-अलग प्रजाति के 75 पौधे लगाए जाएंगे। पौधों को जानवरों से बचाने के इंतजाम भी करने होंगे। अमृत महोत्सव उद्यान की मॉनीटरिंग की जिम्मेदारी जिला स्तरीय अधिकारियों को दी जाएगी। अमृत महोत्सव उद्यान के एक-एक पेड़ की जिओ टैगिंग होगी। औषधीय पौधों पर अधिक फोकस किया जा रहा है। ताकि ग्रामीणों को औषधीय पौधों का लाभ मिल सके। अमृत महोत्सव उद्यान के जरिए आजादी की दीवानों के बारे में जानकारी दी जाएगी।
प्रत्येक गांव के अलावा नगर पालिका व नगर पंचायतों में अमृत महोत्सव उद्यान्न बनाने का निर्देश शासन से है। इन उद्यान्नों को शोभाकार व औषधीय पौधे से सुसज्जित किया जाना है। इसको लेकर तैयारी चल रही है।
- हरिश्चंद प्रजापति, डीसी, मनरेगा, बलिया।