नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी ने सोमवार को बलिया स्थित अपने आवास पर पत्रकारों से वार्ता के दौरान प्रदेश सरकरा पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि यूपी में करोड़ों लोगों की मौत कोरोना महामारी के चलते हो चुकी है, लेकिन सरकार और अधिकारी इस आंकड़े को छिपाने में जुटी है। प्रदेश में सरकार द्वारा अस्पतालों में बेड, दवाओं और जांच जैसी व्यवस्था उपलब्ध कराने में यह सरकार पूरी तरह विफल रही है।
उन्होंने घोषणा की कि वे अपने विधानसभा क्षेत्र के बांसडीह प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को गोद लेते हैं और इस अस्पताल में जनसेवा की सभी आधुनिक उपकरणों और व्यवस्था को बेहतर बनाने का वह हर संभव प्रयास करेंगे। कहा कि मैं कोरोना से स्वयं पीड़ित रहा हूं और मैंने इस महामारी के दौरान लोगों के बीच जाकर भी उनकी बेबसी और पीड़ा को महसूस किया है।
कहा, मैंने अपने विधायक निधि से भी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मनियर में दो, बेरुआरबारी में दो, रेवती में चार, बांसडीह में तीन तथा सदर अस्पताल में पांच ऑक्सीजन कंसट्रेटर उपलब्ध कराए हैं। दु:ख इस बात का है कि अधिकारियों के शिथिल कार्यशैली के कारण वह पत्र एवं विधायक निधि का पैसा भी फाइलों में धूल फांक रहा है।
कोरोना के दौरान सरकार के द्वारा जैसी जनता की मदद मिलनी चाहिए वैसी नहीं मिल पा रही है। मैंने विधानसभा में भी प्रत्येक मृत कोरोना मरीजों के परिवारों को 50-50 लाख रुपये सरकार द्वारा आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की आवाज उठाई है।