फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शहर में जाम: पहली बार आमने-सामने बैठे अधिकारी व व्यापारी

विज्ञापन
नगर में आए दिन लग रहे जाम से निजात दिलाने के लिए कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित पटरी दुकानदारों की ? - फोटो : BALLIA
विज्ञापन
बलिया। शहर को जाम से मुक्त कराने के लिए अब अधिकारी और व्यापारी दोनों गंभीर होने लगे हैं। शनिवार को दोनों आमने-सामने बैठे और अपनी-अपनी बात रखी। इस दौरान व्यापारियों ने शहर में चल रहे वाहन स्टैंडों को बाहर करने की मांग के साथ कहा कि अतिक्रमण हटाओ अभियान में पक्का निर्माण तोड़ा जाए, लेकिन यदि दुकानदार ने लोहे की सीढ़ी बनवा रखी है तो उसे नहीं हटाया जाए। गौरतलब हो कि शहर में जाम की समस्या को लेकर अमर उजाला में लगातार खबरों के प्रकाशित होने के बाद जिला प्रशासन ने अतिक्रमण हटाओ अभियान शुरू किया था। अभियान लगातार पांच दिन चलने के बाद व्यापारी संगठनों ने विरोध जताया तो सिटी मजिस्ट्रेट और सीओ सिटी/यातायात प्रभारी ने शनिवार को व्यापारिक संगठनों की बैठक बुलाई।
विज्ञापन

कलेक्ट्रेट सभागार में दोपहर को बुलाई गई बैठक में सिटी मजिस्ट्रेट नागेंद्र प्रताप सिंह, डिप्टी कलेक्टर सर्वेश यादव, नपा के ईओ दिनेश विश्वकर्मा, सीओ सिटी/यातायात प्रभारी अरुण कुमार सिंह के साथ शहर के विभिन्न व्यापारिक संगठनों के पदाधिकारी मौजूद रहे। जन अधिकार मंच के अध्यक्ष अतुल सिंह ने कहा कि अतिक्रमण की समस्या से समाज के सभी लोग प्रभावित हैं। व्यापारी वर्ग को अपनी सामाजिक जिम्मेदारी समझते हुए जिला प्रशासन का सहयोग करना चाहिए। जो निर्देश अतिक्रमण के संबंध में जारी हो, उसका अनुपालन करना सुनिश्चित करना चाहिए। उन्होंने जिला प्रशासन से भीड़भाड़ वाले स्थानों से सभी स्टैंडों को शहर के बाहर करने की मांग की। वरिष्ठ व्यापारी नेता सुनील परख ने कहा कि बैंकों और बड़े शॉपिंग मॉल को गंभीरता से पार्किंग पर कार्ययोजना प्रशासन को देनी चाहिए, जिससे नगर की यातायात व्यवस्था को सुचारू और सुगम बनाया जा सके। इसमें सभी के सहयोग की आवश्यकता है। उन्होंने जिला प्रशासन से मांग की कि बेहतर व्यवस्था के लिए प्रत्येक माह कमेटी गठित कर उचित कार्यवाही करनी चाहिए। इस दौरान निर्णय लिया गया कि जो व्यापारी दुकान के आगे लोहे का सीढ़ी बनाए हैं, उसे नहीं हटाया जाएगा। अगर कोई स्थायी रूप से नाली पर कब्जा किया है तो उसे हटाया जाएगा। इसके अलावा, ठेला खोमचा वालों के लिए नगरपालिका द्वारा पट्टी लगाई जाएगी। उसमें ठेला खोमचा वाले ठेला लगाने का काम करेंगे।
ई-रिक्शा चालक भी बने सिरदर्द
बलिया। नगर में ई-रिक्शा वालों का पदार्पण होने से लोगों को अत्यधिक किराया व प्रदूषण से मुक्ति तो मिल गई, लेकिन अब ई-रिक्शा वाले ही लोगों के लिए सिरदर्द बन गए हैं। आलम ये है कि स्टेशन के बाहर पुलिस बूथ के सामने ही ई-रिक्शा वाले बेतरतीब वाहन खड़ा कर सवारी भरने लगते हैं। प्रशासन ने ई-रिक्शा चालकों के साथ बैठक कर पंजीकरण और रूट तय कर उन पर लिखवाया। इसके बावजूद, ई-रिक्शा चालक स्टेशन, चित्तू पांडेय चौराहा, जगदीशपुर चौराहा पर स्टैंड की भांति वाहन खड़ाकर सवारी ढोने का काम कर रहे हैं। सिटी मजिस्ट्रेट ने कहा कि इसे भी लेकर जल्द ही एक बार फिर ई रिक्शा वालों के साथ बैठक कर उनसे नियमों के पालन को लेकर चर्चा की जाएगी। यदि इसके बाद भी उनमें सुधार नहीं होता है तो इनके खिलाफ अभियान शुरू कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें