बैरिया। शिक्षा क्षेत्र बैरिया के कम्पोजिट विद्यालय दुर्जनपुर में बच्चों के पोषाहार का 50 क्विंटल से अधिक अनाज व लगभग तीन लाख रुयये पोषण भत्ता का गोलमाल करने का आरोप प्रधानाध्यापक पर लगाते हुए उक्त गांव निवासी सुशील कुमार गुप्त ने मुख्यमंत्री कार्यालय को शिकायत की है। मुख्यमंत्री कार्यालय के निर्देश पर बीएसए द्वारा एबीएसए बैरिया दुर्गा प्रसाद सिंह को मामले की जांच दी गई है।
आरोप है कि प्रधानाध्यापक ने कोरोना काल के दौरान सैकड़ों बच्चों का अनाज व पोषण भत्ता का धन अभी तक छात्र-छात्राओं में वितरण नहीं किया है। इसको लेकर ग्रामीणों द्वारा कई बार प्रधानाध्यापक, एबीएसए बैरिया और बीएसए बलिया से शिकायत की गई थी। बावजूद इसके अनाज बच्चों में नहीं वितरित किया गया। वहीं, नगद पोषण भत्ता की धनराशि अनाज के साथ सरकार ने उपलब्ध कराई थी वह भी नहीं दिया गया है। इस बाबत प्रधानाध्यापक जयप्रकाश यादव ने बताया कि कोटेदार की हीलाहवाली के चलते अभी तक खाद्यान्न व पोषण भत्ता का नगद पैसा बच्चों में नहीं वितरित किया गया था। जल्द ही सभी बच्चों को खाद्यान्न व पोषण भत्ता का नगद पैसा उपलब्ध करा दिया जाएगा। बताया कि एक-दो दिन के भीतर खाद्यान्न वितरित कर दिया जाएगा। इस बाबत खंड शिक्षा अधिकारी दुर्गा प्रसाद सिंह ने बताया कि एक पखवारा पूर्व संबंधित प्रधानाध्यापक को लिखित निर्देश दिया गया था। बच्चों का पोषण भत्ता व खाद्यान्न तत्काल वितरित कर वीडियोग्राफी सहित मेरे कार्यालय को प्रमाण पत्र प्रस्तुत करें। बावजूद इसके अभी तक प्रधानाध्यापक द्वारा इस संदर्भ में कोई सूचना मेरे कार्यालय को नहीं दी गई है। इस संदर्भ में संबंधित प्रधानाध्यापक पर अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की तैयारी चल रही है।