तराई में मौसम का मिजाज कड़ा होता जा रहा है। रविवार को सुबह तराई घने कोहरे में लिपटी रही। हालांकि करीब 10 बजे सूरज निकला, लेकिन लोगों को धुंध, ठिठुरन और गलन से निजात नहीं मिली। कड़ाके की ठंड से जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा। पछुवा हवाओं ने भी परेशान किया। मौसमविदों के मुताबिक आगामी तीन दिन तक तापमान में उतार-चढ़ाव का दौर चलेगा। रात में तराई का पारा छह डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ।
तराई में कड़ाके की ठंड लोगों को बेहाल किए हुए है। शनिवार देर रात से ही पछुवा हवाओं के साथ कोहरा पड़ना शुरू हो गया था। रविवार की सुबह घना कोहरा छाया रहा। साथ ही पछुवा हवा भी चलीं। इससे लोग ठिठुरते रहे। कोहरे के चलते सुबह मैलानी, गोंडा और नेपालगंज प्रखंड की ट्रेनें भी एक से डेढ़ घंटे देरी से चलीं। वहीं सड़क पर वाहन रेंगते दिखे। सुबह घर से निकले मजदूरी पेशा वर्ग के लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
करीब 10 बजे सूरज निकला तो जरूर, लेकिन धूप काफी नरम रही। इससे ठिठुरन और गलन से निजात नहीं मिल सकी। फसल अनुसंधान केंद्र के प्रभारी वैज्ञानिक डॉ. एमवी सिंह ने बताया कि मौसम में उतार-चढ़ाव का दौर आगामी तीन दिन तक जारी रहने के संकेत मिल रहे हैं। रात में तराई का पारा छह डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ।