बहराइच। कृषि विभाग की मांग पर डीएपी और एनपीके खाद की खेप जिला मुख्यालय पहुंच गई। बुधवार को जिला कृषि अधिकारी ने खाद का जायजा लिया। साथ ही केंद्रों को खाद की खेप रवाना की गई। एक हफ्ते में छह हजार एमटी खाद मिल चुकी है।
जिले में किसानों ने गेहूं की बोआई शुरू कर दी है। बोआई से पूर्व किसानों को खेत बनाने के लिए डीएपी डालनी पड़ती हैं, लेकिन कई सरकारी केंद्रों पर डीएपी की कमी से किसानों को अधिक दर पर प्राइवेट दुकानों से खरीद करनी पड़ती थी। साथ ही किसानों को अधिक खर्च भी उठाना पड़ता था। इसको देखते हुए जिला कृषि अधिकारी सतीश कुमार पांडे ने शासन को सूचना दी। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि मंगलवार को खाद की रैक पहुंची। उन्होंने बताया कि 900 एमटी डीएपी और 750 एमटी एनपीके रैक प्वाइंट पहुंच गई है। जिसका बुधवार को जिला कृषि अधिकारी ने निरीक्षण किया।
जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि जिले के सभी सहकारी केंद्रों पर डीएपी और यूरिया पहुंच गई है। ऐसे में किसान आधार, खतौनी दिखाकर खाद खरीदें। उन्होंने बताया कि केंद्र पर खाद की कमी नहीं है। एक हफ्ते में अब तक 6500 मीट्रिक टन खाद पहुंच चुकी है। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि सहकारी समितियों पर 1800 रुपये प्रति क्विंटल गेहूं का बीज मिल रहा है। ऐसे में किसान कागजात दिखा कर बीज समितियों से ही बीज खरीदें। जिससे उनके खाते में अनुदान भेजा जा सके।