सांसद निधि से पांच गांवों में विकास कार्यों को निरस्त कराने और झूठी रिपोर्ट दर्ज कराने का आरोप जेई पर लगाते हुए भाकियू ने बृहस्पतिवार को कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। उन्होंने डीएम को शिकायती पत्र सौंपा, जिसमें मामले की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की गई। चेतावनी दी किसानों पर दर्ज मुकदमा वापस नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा।
किसान भाकियू जिलाध्यक्ष प्रताप सिंह गुर्जर के नेतृत्व में कलक्ट्रेट पहुंचे। बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए हंगामा किया। डीएम को शिकायती पत्र सौंपा। आरोप लगाया कि धनौरा सिल्वरनगर गांव में किसानों की मर्जी के बिना तारों को जोड़ा जा रहा था, जिसका किसानों ने विरोध किया। विरोध के दौरान एक कर्मचारी खंभे से खुद गिर गया था।
इस पर जेई ने बिनौली थाने में तीन किसानों के खिलाफ धारा 307 के तहत मुकदमा दर्ज करवा दिया। जिलाध्यक्ष ने कहा कि किसानों पर दर्ज रिपोर्ट वापस नहीं हुई तो यूनियन धरना प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होगी। इसके अलावा सांसद निधि से पांच गांवों में विकास कार्य स्वीकृत हुए थे। जिसके तहत कार्य चल रहा था।
झूठी शिकायतों के कारण इन कार्यों को निरस्त करवा दिया गया है। अब लोगों को परेशानी हो रही है। पांचों गांव के प्रधानों ने डीएम को अवगत कराया कोई भी विरोध नहीं है, विकास कार्य होना चाहिए। इससे लोगों को फायदा होगा।
डीएम भवानी सिंह खंगारौत ने कार्रवाई का आश्वासन दिया। बिजेंद्र प्रधान, अजय प्रधान, सुनील त्यागी, बिरेश तोमर, रविंद्र शर्मा, योगेश शर्मा, नरेंद्र गुर्जर, मोनू ठाकुर, विजयपाल, राजीव, कृष्णपाल, कर्मवीर, आशीष मौजूद रहे।