रमाला। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे से असारा गांव जाने वाले चार किलोमीटर का मार्ग बदहाल है। गड्ढों के कारण आए दिन हादसे हो रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जनप्रतिनिधियों की उपेक्षा के चलते मार्ग की हालत खस्ता हो गई है। असारा गांव के किसान इसी मार्ग से सहकारी क्षेत्र की रमाला चीनी मिल में गन्ने की सप्लाई करते हैं। गन्ना वाहनों के पलटने का भी खतरा रहता है। असारा गांव में काफी गन्ना क्षेत्रफल है, लेकिन इसके बावजूद मार्ग का निर्माण नहीं कराया गया है। लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से मिलकर भी ग्रामीण अपनी समस्या रख चुके हैं।
क्या कहते हैं ग्रामीण
- असारा निवासी नदीम का कहना है कि ग्रामीणों को इस मार्ग से दिल्ली-सहारनपुर हाईवे तक जाना होता है। लेकिन प्रशासन की ओर से पूरी तरह अनदेखी की जा रही है। मार्ग का निर्माण होना चाहिए।
- असारा निवासी नईम का कहना है कि जनप्रतिनिधियों ने असारा गांव की समस्या पर कोई ध्यान नहीं दिया है। इससे गांव उपेक्षित हो गया है।
- ग्रामीण शहबाज का कहना है कि मार्ग का निर्माण होना चाहिए, जिससे ग्रामीणों का आवागमन सुकून से हो सके। ग्रामीण डीएम से मुलाकात करेंगे।
- ग्रामीण आबिद का कहना है कि जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारी है कि वह अपने पूरे क्षेत्र पर ध्यान लगाएं। लेकिन असारा पर किसी ने ध्यान नहीं दिया है।
शहबान- फोटो : BAGHPAT
नईम- फोटो : BAGHPAT
नदीम अहमद- फोटो : BAGHPAT
जर्जर हालत में असारा मार्ग- फोटो : BAGHPAT