चांदीनगर थाने में 29 जून 2014 को दर्ज कराया गया था मुकदमा
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। नाबालिग से दुष्कर्म की कोशिश करने के मामले में अदालत ने युवक को पांच साल कैद की सजा सुनाई है। दस हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। अर्थदंड जमा नहीं करने पर सजा को तीन माह के लिए बढ़ा दिया जाएगा।
विशेष लोक अभियोजक नरेंद्र पंवार, भूपेंद्र शर्मा, नरेश कुमार और वादी पक्ष के अधिवक्ता महेंद्र बंसल ने बताया कि चांदीनगर थाने में 29 जून 2014 को एक मुकदमा दर्ज कराया गया था। वादी ने कहा था कि उसकी नाबालिग बेटी के साथ घर में घुसकर संजीव उर्फ पप्पू ने दुष्कर्म की कोशिश की। इस मामले में पुलिस ने संजीव के खिलाफ कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल कर दिया था। इस मामले की सुनवाई न्यायालय एडीजे स्पेशल पोक्सो कोर्ट में चल रही थी, जहां अभियोजन पक्ष की तरफ से नौ गवाह पेश किए गए। शुक्रवार को सुनवाई के बाद न्यायाधीश ने संजीव को पांच साल के कारावास की सजा सुनाई और 10 हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड अदा न करने पर तीन माह के अतिरिक्त कारावास की सजा बढ़ाई जाएगी।