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Triple Murder: पिता व दो बहनों के हत्यारे बेटे को उम्रकैद, धारदार हथियार से काटा था; मां ने ही दिलाई सजा

Thu, 20 Aug 2026 09:19 PM IST
Mohd Mustakim अमर उजाला नेटवर्क, बागपत

सार

Baghpat News: बड़ौत की चौधरान पट्टी में जमीन से बेदखल करने पर 14 अगस्त 2022 की रात अमरपाल ने धारदार हथियार से पिता और बहनों की हत्या कर दी थी। अमरपाल को नशे की लत थी और आएदिन झगड़ा करता था। सजा होते ही वह रोने लगा।
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ब्रजपाल और उनकी बेटी ज्योति व अनुराधा की फाइल फोटो। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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Life imprisonment for murderous son: अपर जिला एवं सत्र न्यायालय पंचम की न्यायाधीश साबिस्ता आकिल ने चार साल पहले बड़ौत की पट्टी चौधरान में पिता ब्रजपाल और दो बहनों अनुराधा व ज्योति की हत्या करने वाले अमरपाल उर्फ लक्ष्य तोमर को उम्रकैद की सजा सुनाई। साथ ही दस हजार रुपये अर्थदंड लगाया, जिसे अदा नहीं करने पर छह माह की सजा बढ़ाई जाएगी। अमरपाल अपने परिवार का इकलौता बेटा है।
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हत्यारोपी अमरपाल। पति व बेटियों की फोटो के साथ शशिप्रभा। - फोटो : अमर उजाला
बड़ौत की पट्टी चौधरान में रहने वाली शशिप्रभा ने 15 अगस्त 2022 को बड़ौत कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। शशिप्रभा ने बताया कि बेटे अमरपाल को नशा व झगड़ा करने समेत अन्य गलत हरकतों के कारण जुलाई 2022 में उसके पति ब्रजपाल ने संपत्ति से बेदखल कर दिया था। 14 अगस्त की रात उसके पति ब्रजपाल, बेटी ज्योति और बेटा अमरपाल लेटे हुए थे, जबकि दूसरे कमरे में दूसरी बेटी अनुराधा उर्फ मिट्ठू के साथ वह लेटी थी।
 

रात करीब साढ़े नौ बजे बेटी ज्योति के चीखने की आवाज सुनकर कमरे में गई तो अमरपाल उर्फ लक्ष्य तोमर घर में रखे नुकीले व धारदार हथियार (खोदाई करने वाली फाली) से अपने पिता पर वार कर रहा था। इसके बाद अमरपाल ने अपनी बहन अनुराधा और ज्योति की भी हत्या कर दी। बेटे ने मां का भी गला घोंटकर मारने का प्रयास किया। इसके बाद बाइक लेकर भाग गया। पुलिस ने यमुना खादर से आरोपी अमरपाल को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया और जांच के बाद न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया।
 

इस मामले की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायालय में हुई। बृहस्पतिवार को दोषसिद्ध होने पर अपर जिला शासकीय अधिवक्ता अशोक सैनी और अशोक दलाल ने इस हत्याकांड को जघन्य बताते हुए न्यायाधीश से फांसी की सजा सुनाने की मांग की। सुनवाई के बाद शाम को न्यायाधीश साबिस्ता आकिल ने अमरपाल को उम्रकैद की सजा सुनाई। साथ ही दस हजार रुपये अर्थदंड लगाया और इसमें से आधी राशि वादी शशिप्रभा को दी जाएगी।
 
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सजा सुनाए जाते ही हत्यारे के निकले आंसू
न्यायाधीश ने पिता व दो बहनों के हत्यारे अमरपाल को उम्रकैद की सजा सुनाई तो उसके चेहरे के भाव अचानक बदल गए और उसकी आंखों से आंसू निकल गए। वह नीचे ही बैठ गया। उसे सजा दिलाने वाली भी मां थी, तो उसने एक बार मां की तरफ भी देखा, मगर कुछ कह नहीं सका। इसके बाद उसे पुलिस अपने साथ जेल में लेकर चली गई।

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