इस ऑडियो में वह डिप्टी सीएमओ के खाने में टीबी के मरीजों से लिए गए सैंपल मिलाकर खिलाने की साजिश रची। इसके लिए दोनों ने चतुर्थ श्रेणी कर्मी टिंकू को फोन कर दबाव दबाव बनाया। लेकिन चतुर्थ श्रेणी कर्मी टिंकू ने डिप्टी सीएमओ को ऑडियो रिकार्डिंग सौंपी और इस पूरे मामले से अवगत कराया।
डिप्टी सीएमओ ने जब्बार और मुशीर पर खाने में टीबी के मरीजों के सैंपल और रसायन मिलाकर हत्या करने की साजिश रचने का आरोप लगाया। उधर, मुकदमा दर्ज करने के बाद जांच में जुटी पुलिस दोनों आरोपियों की तलाश में जुट गई।
पुलिस ने दोनों के घरों पर जाकर दबिश दी तो पता चला दोनों आरोपी घर छोड़कर भाग गए। इस मामले में सीओ हरीश भदौरिया का कहना है कि जल्द ही दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
भरोसा उठा, घर से लाएं खाने-पीने का सामान
क्षय रोग विभाग में तैनात दोनों कर्मियों की करतूत की चर्चा मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग में जोरों पर रही। उधर उत्तर प्रदेश संयुक्त कर्मचारी संघ के अध्यक्ष मुकेश शर्मा ने कहा कि बाहर से आने वाले खाने के सामानों से अब पूरी तरह भरोसा उठ गया।
पहले थूक की रोटी, लोनी में पेशाब वाले जूस के बाद अब खाने में टीबी मरीजों के एमडीआर सैंपल मिलाकर खिलाने की योजना सामने आई। उन्होंने कर्मियों और अधिकारियों से घर से खाना व पानी लाने की अपील की।
टीबी सैंपल का कमरा खुलवाकर जांच करेगी पुलिस
पूरे मामले का खुलासा होने के बाद स्वास्थ्य विभाग के अफसरों ने टीबी मरीजों के सैंपल वाले कक्ष पर सील लगाकर बंद कर दिया। जिसमें एमडीआर सैंपल खाने में मिलाकर देने की आशंका भी जताई जा रही है। जिसको लेकर पुलिस टीबी मरीजों के सैंपल वाला कक्ष खुलवाकर जांच करेगी। साथ ही मरीजों के सैंपल भी गिनवाए जाएंगे।