घाघरा के कटान देखने गांगेपुर पहुंचे बसपाई।
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लाटघाट। सगड़ी तहसील के देवरांचल से होकर गुजरने वाली घाघरा नदी के जलस्तर में विगत दो दिनों से बढ़ोत्तरी का क्रम निरंतर जारी है। जलस्तर में लगातार हो रहे बढ़ाव के कारण कई गांवों के संपर्क मार्गों पर पानी चढ़ आया है। वहीं बगहवा में 12 घरों पर कटान का खतरा मड़रा रहा है।
दो दिनों से लगातार घाघरा के जलस्तर में बढ़ोतरी हो रही है। मंगलवार को नदी एक बार फिर उफान पर है। नदी के बढ़ते जलस्तर ने तटवर्ती लोगों की नींद उड़ा दी है। नदी बदरहुंआ नाले पर खतरा बिंदु से पांच सेमी नीचे बह रही है। तो वहीं डिघिया नाले पर खतरे के निशान से 58 सेमी ऊपर बहने से दर्जनों गांव के निवासियों में खलबली मच गई है। घाघरा नदी का जलस्तर डिघिया पर 24 घंटे में नौ सेमी और बदरहुंआ पर नौ सेमी बढ़ा है। जलस्तर बढ़ने के साथ ही कटान जारी है। बगहवा गांव में 12 घरों पर कटान का खतरा जमंडरा रहा है। इनके घरों को छूती हुई घाघरा बह रही है। इसके चलते तटवर्ती गांवों के लोग पलायन करने को विवश हैं। घाघरा नदी का जलस्तर बढ़ने से एक दर्जन गांवों का संपर्क मार्ग पर पानी चढ़ गया है। लोगों को पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है। देवारा खास राजा, अजगरा मसरकी, अराजी अजगरा मगर्वी, चक्की, बांका, बूढ़नपट्टी, मानिकपुर, सोनौरा। सोमवार को डिघिया गेज पर घाघरा नदी का जलस्तर 70.89 मीटर पर रहा जो मंगलवार को नौ सेमी बढ़कर 70.98 मीटर हो गया। वहीं बदरहुंआ नाला गेज पर सोमवार को नदी का जलस्तर 71.54 मीटर दर्ज किया गया जो मंगलवार को नौ सेमी बढ़कर 71. 63 सेमी हो गया। जबकि डिघिया गेज पर नदी का खतरा बिंदु 70.40 सेमी और बदरहुंआ गेज पर खतरा बिंदु 71.68 मीटर है। घाघरा नदी जो अपने जलस्तर के उतार-चढ़ाव के साथ ही अपने तटवर्ती क्षेत्रों में कटान को तेज कर दिया है। पिछले दिनों घाघरा नदी आठ आशियाने को काटकर समाहित कर चुकी है। बहुजन समाज पार्टी के सगड़ी विधानसभा अध्यक्ष सीपी विमल, रमाकांत चौहान, धर्मराज पटेल उर्फ धनई आदि लोगों ने घाघरा की कटान क्षेत्र पहुंचकर कहा कि गांगेपुर, परसिया गांव के दर्जनों किसानों का सैकड़ों एकड़ भूमि घाघरा में विलीन हो गए। इसके जिम्मेदार पूर्ण रूप से विभाग है।