इस पर पुलिस ने उनके ऊपर मुकदमा दर्ज कर लिया है, जिसकी विवेचना की जा रही है। वहीं इस मामले में शामिल गवाहों की सुरक्षा को पुख्ता कर दिया गया है। वहीं मुख्तार अंसारी के अधिवक्ता लल्लन सिंह ने बताया कि ऐसा कोई मामला नहीं हुआ है।
जब मामला कोर्ट में है और मुख्तार अंसारी जेल है तो पुलिस ऐसी कार्रवाई नहीं कर सकती है। रही बात धमकी देने तो उन्होंने फोटो देने की नहीं बल्कि बयान की फोटो कॉपी देने की बात कही थी। चूंकि पेशी वीडियो कांफ्रेसिंग से हुई है तो उसकी रिकार्डिंग को भी देखा जा सकता है।