स्मिथ इंटर कालेज में निरीक्षण के दौरान छात्रों से बात करते एसडीएम सगड़ी गौरव कुमार।
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आजमगढ़। फार्म का पैसा अधिक लेने की छात्रों की शिकायत की जांच करने एसडीएम सगड़ी गौरव कुमार शुक्रवार को स्मिथ इंटर कालेज अजमतगढ़ पहुंचे। पठन पाठन का हाल देखकर प्रधानाचार्य सहित 23 अध्यापकों का वेतन रोक दिया जबकि गंदगी मिलने पर 10 परिचारकों को निलंबित कर दिया। उन्होंने राजकीय बालिका इंटर कॉलेज का भी निरीक्षण किया।
सगड़ी तहसील क्षेत्र के अजमतगढ़ स्थित स्मिथ इंटर कॉलेज का छात्रों की शिकायत पर एसडीएम अधिकारी सगड़ी गौरव कुमार ने शुक्रवार को औचक निरीक्षण किया। सुबह 10.30 बजे विद्यालय पहुंचे एसडीएम ने परिसर में घास फूस व साफ सफाई को लेकर विद्यालय में तैनात 10 परिचारकों को निलंबित कर दिया। इसके बाद उन्होंने विद्यालय में बन रहे मिड डे मील का भी निरीक्षण किया। व्यवस्था से असंतुष्ट होकर नाराजगी व्यक्त की। वहीं उन्होंने छात्रों के पठन-पाठन की जानकारी ली और कक्ष में अध्यापक नहीं मिल। छात्र छात्राओं से उनके विषय के पूछताछ की छात्र जिसका उत्तर नहीं दे सके। एसडीएम ने उन्हें आधे घंटे तक पढ़ाया और छात्रों को पढ़ाई के प्रति जागरूक किया। इस दौरान विद्यालय में प्राचार्य सहित कई अध्यापक अनुपस्थित रहे। एसडीएम ने स्मिथ इंटर कॉलेज में पठन-पाठन ना होने व विद्यालय में अनुशासन हीनता पर प्राचार्य सहित अध्यापकों का जहां वेतन रोका वहीं विद्यालय की साफ-सफाई को लेकर सभी परिचारकों को निलंबित कर दिया। बताते चलें कि तहसील पहुंचकर छात्र-छात्रों ने प्रवेश शुल्क 200 की जगह 350 रुपये और पठन पाठन के नाम पर अतिरिक्त शुल्क वसूली का आरोप लगाया था। जिस पर एसडीएम ने निरीक्षण किया। वहीं निरीक्षण के बाद दर्जनों छात्रों ने अपना बयान भी दर्ज कराया। निरीक्षण में एसडीएम ने प्राचार्य देवेंद्र चतुर्वेदी, अध्यापक नवीन विश्वकर्मा, अभय श्रीवास्तव, नवीन शुक्ला, अश्वनी भारती, सूरज यादव, गुल हाशमी, पतिराम, रामनकुल, सुभाष चंद्र गौतम, आसिफ खान, बबलू राम का वेतन रोकने का निर्देश दिया। वहीं परिचारक यशपाल सिंह, राज नारायण, अंबिका, राम दुलारे, विनय सिंह, रजनी सिंह, प्रतीक, पंचदेव, नौशाद आदि को निलंबित करने का निर्देश दिया।