मेंहनगर तहसील के बाहर लेखपाल के विरोध में प्रदर्शन करते देवरिया के ग्रामीण।
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मेंहनगर। तहसील मुख्यालय पर शुक्रवार की दोपहर देवरिया गांव के निवासियों ने प्रदर्शन किया। लेखपाल पर एकतरफा कार्रवाई करते हुए 139 लोगों पर मुकदमा दर्ज करने का आरोप लगाया। मामले की जांच करके लेखपाल के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
उनका कहना था कि 15 सितंबर को तहसील मुख्यालय पर मत्स्य पालन के लिए पोखरी की नीलामी का शिविर लगाया गया था। देवरिया गांव की पोखरी की लेखपाल के रिपोर्ट के आधार पर बोली लगाई जा रही थी। नीलामी में शामिल एक व्यक्ति के बकाएदार होने पर प्रधान अदालत सरोज ने तहसीलदार से नीलामी निरस्त करने की मांग की थी। शिकायती प्रार्थना पत्र से नाराज पूर्व प्रधान, पट्टेदार और लेखपाल ने ग्राम प्रधान समेत 139 लोगों पर मुकदमा दर्ज करा दिया। ग्रामीणों ने एसडीएम को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा और लेखपाल के विरुद्ध कार्रवाई और निलंबन की मांग की।
प्रधान अदालत सरोज ने आरोप लगाया कि जमीन का पट्टा, वरासत आदि में वसूली की जा रही है। वर्ष 2012 में नायब तहसीलदार की रिपोर्ट पर पोखरे की नीलामी निरस्त कर दी गई थी और यह ग्रामसभा के अधीन है। पिछले आठ वर्षों तक इस में मत्स्य पालन नहीं किया गया। इसके बावजूद पोखरे में 40 से 50 क्विंटल मछली पकड़ने का आरोप लेखपाल ने लगाया है। तहसीलदार गरिमा रानी जायसवाल ने कहा कि आरोपों की जांच कराई जाएगी। मेंहनगर प्रधान संघ अध्यक्ष एहतराम खान, प्रधान अविनाश सिंह, ओमप्रकाश यादव ,कन्हैया यादव, अखिलेश राम आदि मौजूद रहे।