एसपी अनुराग आर्य ने बताया कि घटना का कारण स्पष्ट नहीं हो पा रहा है। फिलहाल लूट के लिए हत्या की आशंका नजर नहीं आ रही है, क्योंकि मकान अभी निर्माणाधीन है। यहां दंपती सिर्फ सोने के लिए आते थे। पुलिस हर बिंदु पर जांच पड़ताल कर रही है।
पुलिस की मौजूदगी में हुआ दंपती का अंतिम संस्कार
पित्थौरपुर-तीथऊपुर गांव निवासी लेखपाल रामनगीना और उसकी पत्नी की हत्या के बाद गांव में मातम छाया रहा। शवों के पास्टमार्टम के बाद पुलिस ने अपनी मौजूदगी में देर रात राजघाट पर अंतिम संस्कार कराया। पोस्टमार्टम के दौरान पीएम हाउस पर ग्रामीणों की भीड़ जुटी रही।
लेखपाल और उनकी पत्नी की हत्या की जानकारी होते ही दहशत फैल गई। सैकड़ों लोगों की भीड़ मौके पर जुट गई। आलाधिकारियों ने किसी तरह भीड़ को वहां से हटाया। इसके बाद डॉग स्क्वॉड व फोरेंसिक टीम को बुला कर घटना की जांच पड़ताल कराने के साथ ही साक्ष्य जुटाए गए। इसके बाद पुलिस ने दोनों शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
पोस्टमार्टम के दौरान सदर अस्पताल स्थित पोस्टमार्टम हाउस पर भी ग्रामीण जुटे रहे। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शवों को गांव नहीं ले जाने दिया और अपनी मौजूदगी में जिला मुख्यालय पर स्थित राजघाट पर अंतिम संस्कार करा दिया। इससे ग्रामीणों में नाराजगी है।