अयोध्या। स्वयं को जज बताकर लखनऊ में बैठा व्यक्ति पुलिस अधिकारियों पर रौब झाड़ रहा था। अपह्रत किशोरी के 15-20 दिन में मिलने का दावा करते हुए आरोपी पर कार्रवाई न करने के निर्देश दे रहा था। संदेह होने पर अधिकारियों ने जांच कराई तो मामले का खुलासा हुआ है। मामले में सीओ सिटी ने आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कराया है।
सीओ सिटी शैलेंद्र सिंह ने दर्ज एफआईआर में बताया कि उनके सीयूजी मोबाइल नंबर पर एक कॉल आई। फोन करने वाले खुद को जस्टिस बताया और बड़े ही रौब से कहा ''''सीओ सिटी बोल रहे हो, क्या आपके अंदर में रौनाही थाना आता है''''। सीओ ने जवाब दिया कि ''''वह सीओ सदर का क्षेत्राधिकार है तो कॉलर ने कहा ठीक है उन्हीं से बात करता हूं''''। इसी दिन सीओ सदर अरुण कुमार सिंह को फोन किया और उनसे कहा कि ''''जो लड़का नाबालिग लड़की को लेकर चला गया है, उसके खिलाफ कार्रवाई न कीजिए, लड़की 15 दिन में आ जाएगी''''।
अगली कॉल उसने सीधे एसपी ग्रामीण अतुल कुमार सोनकर को की और कहा ''''जिस लड़की का अपहरण हो गया है, वह 20 दिन में आ जाएगी''''। तीनों अधिकारियों ने जब आपस में इस फोन की चर्चा की तो झोल नजर आया। इसके बाद जब जांच की गई तो फोन करने वाले की पहचान लखनऊ के चिनहट थाना क्षेत्र के उत्तर धौना तिवारीगंज तारा का पुरवा निवासी तौसीफुल के रूप में हुई है। सीओ सिटी ने बताया कि पहले भी वह इसी तरह का कृत्य कर चुका है। उसके खिलाफ इलाहाबाद व लखनऊ में भी अलग-अलग मामलों में केस दर्ज हैं।