उत्तर प्रदेश में 84 कोसी परिक्रमा के समापन के मद्देनजर रामनगरी से लगी गोंडा-बस्ती की सीमाएं सील कर रैफ और सीआरपीएफ की तीन कंपनियों के हवाले कर दी गईं है।
बृहस्पतिवार को कमिश्नर, डीआईजी, डीएम-एसएसपी ने खुद अयोध्या और गोंडा-बस्ती सीमा समेत मखौड़ा तक दौरा करके प्रतिबंध को सख्ती से पालन कराने की कमान संभाल ली। रूट मार्च भी निकाला गया।
अधिकारियों ने सख्त आदेश जारी किए हैं कि मखौड़ा आने-जाने वाले साधुओं को तत्काल हिरासत में ले लिया जाएगा।
जिले की सीमाओं समेत आसपास के जिलों से भी फैजाबाद व अयोध्या आने वाले लोगों को रोकने की शिकायतें मिल रही हैं जबकि प्रशासन ने ऐसी कोई घोषणा नहीं की थी।
इससे तमाम लोगों को लखनऊ, गोरखपुर, आजमगढ़ आदि स्थानों के लिए आने-जाने में वैकल्पिक रास्ते तलाशने पड़ रहे हैं। देर शाम भाजपा कार्यालय पर छापा मार पूर्व मंत्री लल्लू सिंह, जिलाध्यक्ष रामकृष्ण तिवारी समेत सैकड़ों पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया।
प्रमुख भाजपा नेता विनय कटियार व पूर्व जिलाध्यक्ष महंत मनमोहन दास, डॉ. बांके बिहारी मणि त्रिपाठी व जिला मंत्री अभिषेक मिश्र को उनके आवास पर नजरबंद कर दिया गया।
कारसेवकपुरम् को भी सील करके दर्जनभर जवान गेट पर तैनात कर दिए गए हैं जबकि गोंडा में परिक्रमा करते चार संत और छह विहिप कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया है।