फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Auraiya News: खराब पड़ी पाइप लाइन और बजते नहीं अलार्मी

विज्ञापन
विज्ञापन
औरैया। जनपद के सरकारी अस्पतालों में आग बुझाने के पुख्ता इंतजाम नहीं हैं। यदि आग की घटनाएं होती हैं तो सिर्फ काबू पाने के लिए सिलिंडर ही बचाव के एक मात्र उपाय होंगे। यह हालात किसी एक अस्पताल की नहीं बल्कि लगभग सभी अस्पतालों के हैं। ऐसा नहीं है कि इंतजाम न किए गए हो, लेकिन ठीक से रखरखाव नहीं होने से सब खराब हो चुके हैं। दमकल विभाग के नोटिस के बाद भी कोई नहीं चेत रहा है।
विज्ञापन

जनपद में आठ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, 28 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और दो जिला स्तरीय अस्पताल हैं। इनमें आग से सुरक्षा के मानकों की पूरी तरह से अनदेखी की जा रही है। दमकल विभाग की ओर से फरवरी में संचालकों को नोटिस दिया गया था। नौ माह बाद भी स्थिति वैसी ही है। पड़ताल के लिए शनिवार को संवाद की टीम चिचौली स्थित महिला एवं बाल चिकित्सालय पहुंची। यहां एसएनसीयू व केएमसी वार्ड में नवजात बच्चे, प्रसूताएं व अन्य बीमारी से ग्रसित महिलाएं भर्ती मिलीं। आग बुझाने के लिए सिर्फ सिलिंडर दीवारों पर टंगे दिखाई दिए। पानी की पाइप लाइन खराब है। अलार्म भी खराब है। आपात स्थिति में भवन के चारों ओर निकलने के इंतजाम किए गए हैं।
उधर, झांसी के महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज के एसएनसीयू (नवजात शिशु गहन चिकित्सा वार्ड) में हुई आग की घटना के बाद जिले के प्रशासनिक अधिकारी सुबह होते ही अस्पतालों की ओर दौड़े। जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी व पुलिस अधीक्षक अभिजित आर शंकर ने एक साथ चिचौली अस्पताल पहुंचकर निरीक्षण किया। एसएनसीयू वार्ड के साथ ही वहां मौजूद सिलिंडर के अलावा अन्य उपकरण देखे। साथ ही सभी अव्यवस्थाओं को जल्द दूर करने के के निर्देश दिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें