दिबियापुर। प्रदेश के पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के इस्तीफा देने के बाद बिधूना विधानसभा सीट भी सुर्खियों में है। साढ़े तीन साल से भी ज्यादा समय से पक्षाघात (पैरालिसिस) बीमारी से जूझ रहे बिधूना विधायक विनय शाक्य की राजनीतिक विरासत पाने के लिए उनके भाई और बेटी में खींचतान शुरू हो गई है।
विधायक की बेटी रिया शाक्य ने मंगलवार को एक वीडियो वायरल करके चाचा और दादी पर कई गंभीर आरोप लगाए थे। रिया ने वीडियो वायरल करके दादी द्रोपदी व चाचा देवेश उर्फ बिल्लू पर पिता को कहीं ले जाने का आरोप लगाया था। हालांकि बाद में एसपी औरैया अभिषेक वर्मा ने स्थिति साफ करके बताया कि विधायक अपने इटावा आवास पर हैं।
भले ही जिले के लोगों को यह प्रकरण कुछ नया लगे, लेकिन यह खींचतान विनय शाक्य की राजनीतिक विरासत को संभालने को लेकर उस समय शुरू हो गई थी, जब वह बीमार हुए। विनय की बीमारी के बाद से ही उनके प्रतिनिधि के तौर पर देवेश ने विधानसभा क्षेत्र में अपनी पैठ बनानी शुरू कर दी।
राजनीतिक से लेकर सरकारी कार्यक्रमों में देवेश विधायक प्रतिनिधि के तौर पर शामिल होते रहे। इस बीच राजनीतिक विरासत को संभालने को लेकर बेटी रिया और भाई देवेश के बीच खींचतान शुरू हो गई। रिया की राजनीति में सक्रिय होने की इच्छा उस समय खुलकर सामने आ गई, जब उन्होंने बिधूना विधानसभा से भाजपा की प्रत्याशिता के लिए दावेदारी प्रस्तुत की। विनय के भाई देवेश भी अपनी दावेदारी प्रस्तुत कर चुके थे। वह तेजी के साथ क्षेत्र में जनसंपर्क में भी लगे थे।
तोड़ेंगे दम मगर, तेरा साथ न छोड़ेंगे
सोशल मीडिया पर यूट्यूब का एक लिंक तेजी से वायरल हो रहा है। इसमें विनय और देवेश एक-दूसरे के कंधे पर हाथ रखे हुए हैं और तोड़ेंगे दम मगर, तेरा साथ न छोड़ेंगे गाना बज रहा है। वीडियो में जब विनय से पूछा गया कि आप किसको चुनाव मैदान में उतारना चाहते हैं तो उन्होंने साथ मौजूद देवेश के कंधे पर हाथ रखकर उन्हें चुनाव मैदान में उतारने की हामी भरी।
वीडियो में विनय और देवेश के साथ मौजूद मां द्रोपदी ने भी हामी भरते हुए कहा कि वह चाहती हैं कि देवेश भी विधायक बने। देवेश का कहना है कि उनके भाई विनय तीन साल आठ माह पहले बीमार हुए थे। तब से उन्हीं के दिशा निर्देशन में काम कर रहे हैं। आगे भी करते रहेंगे।
आरोप लगा भाजपा में दावेदारी की पक्की
पिता विनय के साथ चाचा देवेश के सपा में जाने की सुगबुगाहट के बीच रिया भाजपा के साथ होने का संदेश देते दिखीं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तारीफ करके बिधूना विधानसभा सीट पर अपनी दावेदारी भी पक्की की। मंगलवार को जारी किए गए वीडियो में रिया ने बताया कि एक मई 2018 को उनके पिता बीमार हुए थे।
उन्होंने मुख्यमंत्री आदित्य नाथ को धन्यवाद देते हुए कहा कि वह स्वयं पीजीआई में चार-पांच बार उनके पिता को देखने आए। साथ ही उच्चस्तरीय डॉक्टरों के पैनल के माध्यम से उनके पिता का इलाज भी कराया। दावा किया कि ऑपरेशन होने के बाद उनके पिता की सोचने समझने की शक्ति कम हो गई है।