फोटो-31एयूआरपी-03- प्यास बुझाने के लिए पानी भरता यात्री एवं दूसरे वाटर बूथ पर पानी पीता बच्चा। संवाद
- फोटो : AURAIYA
दिबियापुर। कहने को तो फफूंद को आदर्श रेलवे स्टेशन का दर्जा मिला है, लेकिन यहां रुकने वालीं ट्रेनों के यात्रियों को ठंडा पानी तक नहीं नसीब हो रहा है। रेलवे स्टेशन पर अभी तक वाटर कूलर शुरू नहीं हुए हैं। खान पान स्टाल बंद होने से पैक बंद पानी की बोतलें भी नहीं मिल पातीं हैं। इस कारण यात्रियों को गर्म पानी से प्यास बुझानी पड़ती है।
तेज धूप एवं गर्मी के कारण स्टेशन पहुंचने वाले यात्री बेहाल है। लंबी दूरी की ट्रेनों में यात्रा करने वाले यात्री रेलवे स्टेशन पर ठंडे पानी की आस में उतरते हैं, लेकिन यहां के प्लेटफार्म पर ठंडे पानी के लिए लगे वाटर कूलर बंद हैं। प्लेटफार्म संख्या 3/4 पर वाटर प्वाइंट भी लंबे समय से बंद पड़ा है। वाटर प्वाइंट पर एक रुपये में यात्रियों को शुद्ध एवं ठंडा पीने के लिए पानी मिल जाता था। रेल यात्रियों को ठंडे पानी की पैक बंद बोतलें भी नहीं मिल पातीं।
इसका कारण रेलवे स्टेशन फफूंद पर खान पान स्टाल बंद होना है। यात्रियों ने फफूंद रेलवे स्टेशन पर ठंडे पानी के इंतजाम किए जाने की मांग की है। ताकि शुरू हो चुकी भीषण गर्मी में गला तर करने के लिए भटकना न पड़े।
स्टेशन अधीक्षक वेदप्रकाश का कहना है कि रेलवे के नियमों के अनुसार 15 अप्रैल से प्लेटफार्म पर लगे वाटर कूलर शुरू करा दिए जाएंगे। खान पान स्टाल के ठेकेदार ने रेलवे को लिखकर दे दिया है कि वह खान पान स्टाल चलाने में असमर्थ है। इसके कारण खान पान स्टाल शुरू नहीं हो पा रही है। वाटर प्वाइंट शुरू कराने के लिए भी लिखा पढ़ी की जाएगी।
फोटो-31एयूआरपी-01- फफूंद रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म पर बंद पड़ा वाटर बूथ। संवाद- फोटो : AURAIYA