औरैया। जिले में डेंगू मरीजों की संख्या कम होने का नाम नहीं ले रही है। हालात बिगड़ते जा रहे हैं। मंगलवार को आईं एलाइजा रिपोर्ट में अजीतमल क्षेत्र के दो गांवों में सात डेंगू संक्रमित मरीज और मिले। इसी के साथ जिले में डेंगू मरीजों की संख्या 108 पहुंच गई है। वहीं मलेरिया के रोगियों की संख्या 41 है। लगातार बढ़ रहे मरीजों की संख्या को लेकर स्वास्थ्य विभाग भी परेशान है।
ग्रामीण इलाकों में डेंगू का प्रकोप तेजी से दिखाई दे रहा है। गांव में गंदगी और जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ा है। इसी से मलेरिया और डेंगू के मरीज मिल रहे हैं। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अर्चना श्रीवास्तव ने बताया कि सोमवार को 75 एलाइजा के सैंपल डेंगू की जांच के लिए भेजे गए थे। जिसमें अजीतमल क्षेत्र के गाजीपुर में में तीन किशोरी, 25 वर्षीय महिला, दो युवक डेंगू संक्रमित मिले है।
वहीं विलावा में 17 वर्षीय युवक की रिपोर्ट डेंगू संक्रमित है। जिले में डेंगू संक्रमित मरीजों की संख्या 108 हो गई है। जिसमें शहरी क्षेत्र में डेंगू संक्रमितों की संख्या दो और ग्रामीण क्षेत्र में 106 है। इधर लगातार मिल रहे मरीजों से अस्पतालों में भी संख्या बढ़नी शुरू हो गई है। 50 शय्या जिला संयुक्त चिकित्सालय में डेंगू के लक्षण वाले 14 मरीज भर्ती किए गए हैं।
छह गांवों में 300 मरीजों की हुई जांच
अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. शिशिर पुरी ने बताया कि मंगलवार को टड़वा बिकू, जलूपुर, पंडपुरा, सैनपुर, खोयला समेत छह गांवों में स्वास्थ्य टीमें पहुंचीं। जहां बुखार व अन्य बीमारियों से पीड़ित मरीजों में लगभग 300 लोगों का उपचार किया गया और उन्हें दवाएं भी वितरित की गईं। साथ ही गांव के लोगों को सफाई रखने को कहा गया। घरों व आसपास लार्वा भी देखा गया है।
मरीजों को दवाएं कराई उपलब्ध
रुरुगंज (औरैया)। कस्बा के अछल्दा रोड पर आधा दर्जन से अधिक डेंगू के मरीजों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिधूना की टीम ने दवाएं वितरित की। इसके अलावा कई जगहों पर बुखार से पीड़ित मरीजों को दवाएं दी गईं। डॉ. मनीष त्रिपाठी ने बताया की सफाई का विशेष ध्यान रखें, शरीर को पूरा ढके रहें। खाने-पीने की चीजों पर विशेष ध्यान रखें, बाजार की खुली चीजें न खांए। इस मौके पर डॉ. पुष्पेंद्र, डॉ. स्कल्प दुबे, योगेंद्र चौहान, राजीव कुमार, डॉ. विवेक गुप्ता व आशा नजमा बेगम आदि मौजूद रहीं। (संवाद)