औरैया। धान की खरीद के लिए जिले में शुक्रवार को 25 धान क्रय केंद्र शुरू हो गए। लेकिन किसानों के न आने से पहले दिन किसी भी क्रय केंद्र पर बोहनी तक नहीं हुई। पूरे दिन क्रय केंद्रों पर पूरी तरह सन्नाटा पसरा रहा। इस दौरान डीएम के निर्देश पर डिप्टी आरएमओ व एसडीएम ने क्रय केंद्रों का निरीक्षण किया। केंद्र प्रभारियों को कमियों को दूर कर चाक चौबंद व्यवस्था रखने का निर्देश दिया। डीएम ने सभी धान क्रय केंद्र प्रभारियों को तय समय पर मौजूद रहने तथा गैरहाजिर रहने वाले प्रभारी के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। मालूम हो कि इस बार जिले में 40 हजार मीट्रिक टन धान खरीद केंद्र का लक्ष्य रखा गया है।
ज्यादातर धान क्रय केंद्रों पर पहले दिन सन्नाटा पसरा रहा। क्रय केंद्र प्रभारी और कर्मचारी स्टॉक रजिस्टर व अभिलेख आदि के इंतजाम में जुटे रहे। सदर तहसील क्षेत्र के एसडीएम अनुपम शुक्ला, अजीतमल में एसडीएम रामजीवन व बिधूना तहसील में डिप्टी आरएमओ सुधांशु चौधरी ने धान क्रय केंद्रों का निरीक्षण किया। डिप्टी आरएमओ ने कुदरकोट, सुभानपुर, अछल्दा मंडी समेत नेफेड, विपणन शाखा, पीसीएफ, भारतीय खाद्य निगम, उत्तर प्रदेश राजकीय कल्याण निगम आदि के खरीद केंद्रों पर बोरा, बैनर, नमी मापक यंत्र, पंखा, बांट, माप आदि उपकरणों का जायजा लिया। बिधूना व अछल्दा मंडी में दो-दो खरीद केंद्रों पर एक इलेक्ट्रानिक कांटा होने की शिकायत का निस्तारण किया गया।
उधर, जिलाधिकारी अभिषेक सिंह मीणा का कहना है कि जानकारी के अभाव में किसान का धान खरीद न किए जाने पर संबंधित प्रभारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी। अधिकारियों के निरीक्षण के दौरान केंद्र में खामियां मिलने पर खरीद केंद्र प्रभारी के साथ-साथ जिला प्रभारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
दोपहर तक एक भी किसान नहीं आया
अछल्दा स्थित गल्ला मंडी में भारतीय खाद्य निगम के खरीद केंद्र पर बैनर, बांट व धान सुखाने के यंत्र मौजूद मिले। डिप्टी आरएमओ सुधांशु चौधरी ने अपना वजन तौल कर मशीन का परीक्षण किया। उन्होंने केंद्र प्रभारी को व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। दोपहर एक बजे तक इस केंद्र पर एक भी किसान नहीं आया था।