औरैया। विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अधिनियम मनराज सिंह ने दिबियापुर थाना क्षेत्र से ढाई साल पहले एक नाबालिग लड़की को ले जाने के दोषी संदीप निवासी गोपालपुर थाना मंगलपुर कानपुर देहात को उम्रकैद की सजा सुनाई है। एक लाख रुपये जुर्माना भी लगाया है।
डीजीसी अभिषेक मिश्रा, विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो जितेंद्र सिंह तोमर व मृदुल मिश्रा ने बताया कि कानपुर देहात निवासी वादी ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि वह अस्वस्थ होने के कारण इलाज के लिए अपनी बहन के यहां पुत्री के साथ दिबियापुर के गांव उमरी में रह रहा था। गांव निवासी संदीप का बहन के यहां आना-जाना था। आठ सितंबर 2019 को सुबह 10 बजे वह अपनी बहन के साथ दवा लेकर कानपुर से उमरी आ रहा था। तभी संदीप उसकी 16 वर्षीय पुत्री को कहीं ले गया। थाने में दो आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई। पुलिस ने विवेचना में दूसरे आरोपी को दोषी नहीं माना। संदीप के खिलाफ चार्जशीट के बाद यह मामला एडीजे मनराज सिंह की कोर्ट में चला। अभियोजन ने एक नाबालिग के साथ अपराध को गंभीर प्रकृति का बताते हुए कठोर सजा देने की बात कही। बचाव पक्ष ने आरोपी को निर्दोष बताया।
दोनों पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने दुष्कर्म के आरोप को खारिज करते हुए संदीप को नाबालिग को ले जाने का दोषी मानकर सजा सुनाई। जुर्माना अदा न करने पर एक साल का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। जुर्माने की धनराशि में से 50 प्रतिशत पीड़िता को दिए जाने का आदेश दिया। सजा पाए संदीप को जिला कारागार इटावा भेज दिया गया।