औरैया। चंबल फाउंडेशन की ओर से 18 से 20 जून तक पचनद पर चंबल-कटहल फेस्टिवल का आयोजन किया जाएगा। इसमें कैंप फायर, हाइकिंग, वोटिंग, माइक्रो राफ्टिंग, सेंड स्पोर्ट्स, कैमल राइडिंग, बीच नाइट स्टे, योगा आदि कार्यक्रम होंगे। सैलानी बिना बर्तन के भोजन बनाएंगे।
फेस्टिवल के संयोजक अजय कुमार ने बताया कि कटहल एक रहस्यमयी पौधा है। चंबल क्षेत्र में यह पौधा किसी वरदान से कम नहीं था। चंबल फाउंडेशन के प्रमुख शाह आलम राना ने कहा कि कटहल कई औषधीय गुणों से भरपूर है। इसमें विटामिन ए, सी, थाइमिन, पोटैशियम, कैल्शियम, राइबोफ्लेविन, आयरन, नियासिन और जिंक जैसे तत्व पाए जाते हैं।
ढेर सारा फाइबर भी होता है। ज्यादातर लोग कटहल को नॉनवेज का बेस्ट ऑप्शन मानते हैं। फल, बीज तथा गूदे के अतिरिक्त कटहल के पत्ते, छाल, पुष्पक्रम तथा लैटेक्स का उपयोग पारंपरिक दवाओं में भी किया जाता है। कटहल की सिंगापुर, नेपाल, कतर, जर्मनी, थाईलैंड आदि देशों में भारी मांग है।