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सड़क सुरक्षा सप्ताह: जिम्मेदारी निभाने वाली खाकी कर रही नियमों की अनदेखी

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औरैया। सड़क सुरक्षा सप्ताह 22 से 28 जुलाई तक मनाया जा रहा है। शुभारंभ के दौरान डीएम और एसपी ने सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए यातायात नियमों का पालन करने की शपथ दिलाई थी। शपथ लेने वालों में पुलिसकर्मी भी शामिल थे। सप्ताह के तीसरे दिन सड़कों पर खाकी ही नियमों को तार-तार करती दिखी। नियमों का पालन कराने वाले सिपाही अपनी जिम्मेदारी का पालन नहीं करते दिखे। कोई बिना हेलमेट के नजर आया तो कोई नियमों की अनदेखी कर बीच चौराहे पर फर्राटा भरता नजर आया।
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शनिवार को प्रथम सड़क सुरक्षा सप्ताह का तीसरा दिन था। सप्ताह के तहत जागरूकता कार्यक्रम सिर्फ कागजों पर ही दिखा है। शनिवार को सड़कों पर यातायात नियमों का धज्जियां खुलेआम उड़तीं दिखीं। जिसमें सबसे आगे पुलिस कर्मी ही रहे। नियमों की अनदेखी से हादसे हो रहे हैं। सिपाही जहां नियमों का पालन करते नहीं दिखे। तो वहीं जागरूकता के अभाव में किसी के सिर पर हेलमेट तक नहीं देखे गए है। इतना ही नहीं युवक और युवतियां यातायात नियमों को ताक पर रख कर पुलिस चेक पोस्ट के सामने से ट्रिपलिंग करते हुए सड़कों पर घूम रहे हैं।
सीन - एक
दोपहर के समय कानपुर रोड से दिबियापुर की ओर बाइक से जाते दो सिपाही दिखे। जिसमें बाइक चला रहा सिपाही बिना हेलमेट के फोन से बात करते हुए जाता नजर आया। यातायात नियमों की अनदेखी कर चौराहे से गुजर रहे सिपाही को रोकने की जहमत भी किसी होमगार्ड ने नहीं उठाई। ऐसे ही कई सिपाही बाइक चलाने के दौरान बात करते भी दिखे।
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सीन - दो
शनिवार की सुबह के समय इटावा रोड से कानपुर रोड की ओर स्कूटी से महिला सिपाही जाती दिखी। जो हेलमेट नहीं लगाई थी। स्कूटी भी सड़क नियमों का पालन कर नहीं चला रही थी। फोटो खिंचते देख महिला सिपाही ने तेजी से स्कूटी चलाते हुए ऑटो व अन्य वाहनों के बीच से निकलकर बचने का प्रयास किया।
होमगार्ड के भरोसे यातायात व्यवस्था
शहर के मुख्य चौराहे पर यातायात व्यवस्था को सुधारने की जिम्मेदारी आठ होमगार्डों के हवाले रहती है। होमगार्ड भी अधिकारियों के आने-जाने के समय पर चौराहों पर मुस्तैदी से नजर आते हैं। उनके जाते ही वह भी किसी दुकान के बाहर कुर्सियों पर बैठे नजर आते हैं। जिससे चौराहे पर जाम की स्थिति बनती है। जाम अधिक होने पर ही वह अपनी जिम्मेदारी निभाने आते हैं। यातायात व्यवस्था कई बार चरमराने के बाद भी विभागीय अधिकारी इस ओर ध्यान देते हुए नहीं दिखते हैं।
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अधिकारी बोले
सड़क यातायात नियमों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए शिविर लगाए जा रहे हैं। अभियान चलाकर नियमों का पालन न करने वालों के चालान भी किए जा रहे हैं।
- रेहाना बानो, पीटीओ
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