डिडौली (अमरोहा)। मनरेगा में गड़बड़ी पर शिकायत की जांच करने पहुंची टीम के सामने ही ग्रामीण भिड़ गए। हंगामा बढ़ता देख अधिकारी लौट गए। गांव में काफी देर तक हंगामे की स्थिति बनी रही।
पिछले दिनों जोया ब्लॉक के गांव श्यामपुर के लोगों ने डीएम से मिलकर ग्राम प्रधान व रोजगार सेवक पर मनरेगा मजदूरी में धांधली का आरोप लगाते हुए जांच की मांग की थी। कहा था कि ग्राम प्रधान कृपाल सिंह व ग्राम रोजगार सेवक सदाकत अली अपने खास लोगों के खातों में मनरेगा मजदूरी की रकम डलवाकर बंदरबांट कर रहे हैं। रोजगार सेवक ने ने अपने पिता शराफत, मां जाफरी और भाई रियासत के बिना मनरेगा मजदूरी किए ही हाजिरी लगाकर उनके खातों में रकम डलवा दी। ग्राम प्रधान ने भी बेटे गुड्डू के खाते में बिना मजदूरी किए रकम डाल देता है। आरोप लगाया था कि ग्राम प्रधान व रोजगार सेवक पिछले चार साल से ऐसा कर रहे हैं। शिकायत करने पर ग्राम प्रधान, रोजगार सेवक व ग्राम पंचायत सचिव डांटकर भगा देते हैं।
डीएम से हुई शिकायत के बाद शुक्रवार को जोया ब्लॉक के बीडीओ लोकचंद आनंद व पंचायत सचिव मोहम्मद इमामुद्दीन जांच करने गांव पहुंचे थे। परिषदीय स्कूल में बीडीओ ने मामले की जांच कर शिकायत की सुनवाई ही शुरू की थी। इसी बीच दोनों पक्षों के ग्रामीणों में गहमागहमी शुरू हो गई। सूचना पर डायल 112 भी मौके पर पहुंच गई। इसके बाद जांच अधिकारी वहां से वापस लौट गए। बीडीओ लोकचंद आनंद ने बताया कि शिकायत के बाद श्यामपुर में जांच के लिए पहुंचे थे। बयान लेने के दौरान ही ग्रामीणों में गहमागहमी शुरू हो गई थी। हालांकि जांच के दौरान बयान लेने की कार्रवाई पूरी कर ली गई थी।